अभी खटारा गाड़ियों में ढोए जा रहे हैं स्कूली, अनफिट गाड़ियों को सीज करके कराएं वेरीफिकेशन
चंदौली कलेक्ट्रेट सभागार में 'जिला विद्यालय यान सुरक्षा समिति' की बैठक में अपर जिलाधिकारी ने कड़े तेवर दिखाए। उन्होंने अनफिट स्कूली वाहनों को तुरंत सीज करने और लापरवाही बरतने वाले वाहन स्वामियों व स्कूल प्रशासन के खिलाफ सख्त कार्रवाई के निर्देश दिए।
जिला विद्यालय यान सुरक्षा समिति की बैठक
अनफिट स्कूली वाहनों पर होगी सीधी कार्रवाई
क्षमता से अधिक बच्चे बैठाने पर गाड़ियां होंगी सीज
चालकों का पुलिस सत्यापन कराया जाएगा अनिवार्य
दुर्घटना पर स्कूल प्रशासन की तय होगी जवाबदेही
स्कूली वाहनों के जरिए बच्चों की सुरक्षा से खिलवाड़ करने वाले वाहन स्वामियों और चालकों पर अब जिला प्रशासन शिकंजा कसने की पूरी तैयारी में है। सोमवार, 10 अगस्त 2026 को कलेक्ट्रेट सभागार में 'जिला विद्यालय यान सुरक्षा समिति' की महत्वपूर्ण समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता करते हुए अपर जिलाधिकारी (वित्त एवं राजस्व) राजेश कुमार ने कड़े लहजे में अधिकारियों को दिशा-निर्देश दिए।
बिना फिटनेस और क्षमता से अधिक बच्चे बैठाने पर गाड़ियां होंगी सीज
समीक्षा बैठक के दौरान एडीएम राजेश कुमार के तेवर बेहद तल्ख नजर आए। उन्होंने परिवहन विभाग और यातायात पुलिस को निर्देश दिया कि वे सड़कों पर उतरकर एक-एक स्कूली बस, वैन और ई-रिक्शा की गहनता से जांच करें। उन्होंने स्पष्ट किया कि बिना वैध फिटनेस सर्टिफिकेट, ओवरस्पीडिंग करने वाले और क्षमता से अधिक बच्चे बैठाने वाले वाहनों को तुरंत सीज किया जाएगा।
चालकों का सत्यापन जरूरी, सीसीटीवी और जीपीएस होना अनिवार्य
अपर जिलाधिकारी ने स्कूली वाहनों को चलाने वाले चालकों का पुलिस सत्यापन अनिवार्य करने का निर्देश दिया है। उन्होंने कहा कि नशे में या अनियंत्रित होकर गाड़ी चलाने वाले चालकों के लाइसेंस तुरंत रद्द किए जाएंगे। इसके अलावा हर स्कूली वाहन में सीसीटीवी कैमरा, जीपीएस सिस्टम, फर्स्ट एड बॉक्स और चालू हालत में अग्निशामक यंत्र (फायर एक्सटिंग्विशर) होना अनिवार्य है।
हादसा हुआ तो स्कूल प्रशासन की तय होगी जवाबदेही
अपर जिलाधिकारी ने चेतावनी देते हुए कहा कि बच्चों की सुरक्षा हमारी सर्वोच्च प्राथमिकता है और इसमें किसी भी तरह का समझौता नहीं किया जाएगा। यदि किसी अनफिट या अवैध रूप से चल रहे वाहन से दुर्घटना होती है, तो इसके लिए संबंधित स्कूल प्रशासन को भी सीधे तौर पर जवाबदेह बनाया जाएगा। उन्होंने अधिकारियों को रोजाना चेकिंग अभियान चलाकर रिपोर्ट प्रस्तुत करने के कड़े निर्देश दिए हैं।
बैठक में मौजूद रहे तमाम प्रमुख अधिकारी
इस महत्वपूर्ण बैठक के दौरान आरटीओ अभिषेक सिंह, एआरटीओ सर्वेश गौतम, जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी (BSA) सचिन कुमार, पीडब्लूडी के अधिशासी अभियंता राजेश कुमार, सभी उप जिलाधिकारी (SDM), यातायात पुलिस और एनएचआई (NHAI) के अधिकारियों सहित अन्य संबंधित विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।