सड़क के अतिक्रमणकारियों पर एक्शन शुरू: CO सदर ने दी अंतिम चेतावनी, अब सीधे होगी विधिक कार्रवाई

चंदौली जिला मुख्यालय को जाम और अतिक्रमण से मुक्ति दिलाने के लिए पुलिस प्रशासन ने कमर कस ली है। एसपी के निर्देश पर रविवार को सड़कों पर उतरे सीओ सदर ने अतिक्रमणकारियों को सख्त लहजे में आखिरी चेतावनी दी है।

 
 

चंदौली में अतिक्रमणकारियों पर बड़ी सख्ती

जिला मुख्यालय में अतिक्रमण हटाओ अभियान

सीओ सदर ने दी अंतिम चेतावनी

सड़कों पर अब होगी विधिक कार्रवाई

आमजन को जाम से मिलेगी राहत

चंदौली जिला मुख्यालय को सुंदर, व्यवस्थित और जाम से मुक्त बनाने के लिए पुलिस प्रशासन ने एक बड़ी पहल शुरू की है। अक्सर देखा जाता है कि सड़कों के किनारे अवैध कब्जे की वजह से आम जनता को आने-जाने में भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ता है। इसी समस्या को दूर करने और यातायात व्यवस्था को पटरी पर लाने के लिए पुलिस अब पूरी तरह से एक्शन मोड में आ गई है।

पुलिस अधीक्षक (एसपी) आकाश पटेल के साफ निर्देश पर रविवार को जिला मुख्यालय में एक विशेष अतिक्रमण हटाओ अभियान चलाया गया। इस अभियान का मुख्य उद्देश्य सड़कों को सुरक्षित करना और राहगीरों को बिना किसी बाधा के सुगम रास्ता देना है। पुलिस की इस सक्रियता से सड़क किनारे मनमाने ढंग से कब्जा जमाने वाले लोगों में हड़कंप मच गया है।

सीओ सदर ने दी अंतिम चेतावनी
इस पूरे अभियान की कमान खुद क्षेत्राधिकारी (सीओ) सदर देवेंद्र कुमार ने संभाली। उन्होंने पुलिस टीम के साथ नगर के सभी प्रमुख और व्यस्त मार्गों का पैदल भ्रमण किया। इस दौरान सीओ सदर ने सड़क की सीमा के भीतर दुकान बढ़ाने वाले दुकानदारों, ठेला और फड़ संचालकों को कड़े शब्दों में चेतावनी दी। उन्होंने साफ कहा कि अब किसी भी कीमत पर अतिक्रमण बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।

सीओ देवेंद्र कुमार ने दुकानदारों को हिदायत दी कि जिन लोगों ने भी अपना सामान सड़क पर फैला रखा है, वे उसे तुरंत हटा लें और अपनी तय सीमा के अंदर कर लें। उन्होंने स्पष्ट कर दिया कि यह प्रशासन की तरफ से दी जा रही आखिरी और अंतिम चेतावनी है। इसके बाद भी अगर किसी ने नियम तोड़े, तो उनके खिलाफ सीधे विधिक (कानूनी) कार्रवाई की जाएगी।

यातायात व्यवस्था सुधारने की कोशिश
अभियान के दौरान सदर कोतवाल बिंदेश्वरी पांडे भी पुलिस बल के साथ मुस्तैद दिखे। उन्होंने खोमचा, ठेला और फड़ लगाने वाले छोटे व्यापारियों को निर्देश दिया कि वे केवल प्रशासन द्वारा निर्धारित जगहों पर ही अपनी दुकान लगाएं। वे ऐसी किसी भी जगह पर खड़े न हों, जिससे आम जनता के चलने या वाहनों के आवागमन में कोई रुकावट पैदा होती हो।

सदर कोतवाल ने लोगों को समझाते हुए कहा कि शहर की यातायात व्यवस्था को बेहतर बनाए रखना सिर्फ पुलिस का काम नहीं है, बल्कि यह हम सभी नागरिकों की एक बड़ी जिम्मेदारी है। इस व्यवस्था को सुंदर बनाए रखने के लिए स्थानीय व्यापारियों और आम जनता का सहयोग मिलना बेहद जरूरी है, तभी शहर को पूरी तरह जाम से मुक्ति दिलाई जा सकती है।

प्रशासन की व्यापारियों से खास अपील
पुलिस के वरिष्ठ अधिकारियों ने स्थानीय व्यापारियों और दुकानदारों के साथ बातचीत की और उनसे इस अभियान में बढ़-चढ़कर सहयोग करने की अपील की। अधिकारियों ने भरोसा दिलाया कि उनका उद्देश्य किसी का रोजगार छीनना नहीं, बल्कि शहर की व्यवस्था को सुधारना है। इसलिए कोई भी दुकानदार सड़क पर सामान रखकर आम जनता के लिए परेशानी खड़ी न करे।

प्रशासन ने यह भी साफ कर दिया है कि जिला मुख्यालय को व्यवस्थित और जाम मुक्त बनाने का यह अभियान रुकने वाला नहीं है, बल्कि यह आगे भी लगातार जारी रहेगा। इस अभियान के दौरान भारी पुलिस बल मौजूद रहा, जिसने न सिर्फ अतिक्रमण हटवाया बल्कि आम लोगों को यातायात के जरूरी नियमों का पालन करने के लिए जागरूक भी किया।