बायोगैस प्लांट से मिलेगी बिजली और ईंधन, चंदौली की कान्हा गोशाला बनी आत्मनिर्भर, CDO साहब ने BDO को डांटा
चंदौली के मुख्य विकास अधिकारी आर जगत साई ने कान्हा गोशाला और कठौड़ी गो संरक्षण केंद्र का औचक निरीक्षण किया। बायोगैस प्लांट से लैस कान्हा गोशाला अब बिजली और ईंधन के मामले में पूरी तरह आत्मनिर्भर बन चुकी है।
कान्हा गोशाला का औचक निरीक्षण
112 गोवंश रिकॉर्ड में मिले सही
कूलर और कूलिंग सिस्टम चालू मिले
बायोगैस से आत्मनिर्भर बनी गोशाला
लापरवाही पर सीडीओ की सख्त चेतावनी
चंदौली जिले में आवारा पशुओं के रखरखाव और गोशालाओं को हाईटेक बनाने की दिशा में प्रशासन का बड़ा प्रयास रंग ला रहा है। शुक्रवार, 3 जुलाई 2026 को मुख्य विकास अधिकारी (CDO) आर जगत साई ने कांशीराम आवास पाकेट-2 के पास बनी नवनिर्मित कान्हा गोशाला का अचानक निरीक्षण किया। इस औचक निरीक्षण के दौरान गोशाला की व्यवस्थाएं पूरी तरह चाक-चौबंद और दुरुस्त पाई गईं, जिसे देखकर सीडीओ ने संतोष जताया।
इस गोशाला की सबसे बड़ी खासियत यह है कि यहाँ एक आधुनिक बायोगैस प्लांट लगाया गया है। इस प्लांट से निकलने वाली गैस का इस्तेमाल न सिर्फ ईंधन के रूप में हो रहा है, बल्कि जनरेटर चलाकर पूरी गोशाला के लिए बिजली भी पैदा की जा रही है। इस शानदार तकनीक की वजह से कान्हा गोशाला अब पूरी तरह से आत्मनिर्भर बन चुकी है। सीडीओ ने कहा कि इसी तर्ज पर जिले की बाकी गोशालाओं को भी आत्मनिर्भर बनाया जाएगा।
कूलर और चारे के इंतजाम मिले पक्के, रजिस्टर से हुआ मिलान
भीषण गर्मी और उमस को देखते हुए कान्हा गोशाला में गोवंशों को राहत देने के लिए लगाए गए कूलर और एयर कूलिंग सिस्टम बिल्कुल चालू हालत में मिले। सीडीओ ने खुद आगे बढ़कर पशुओं के चारे वाले गोदाम को देखा, जहाँ पर्याप्त मात्रा में सूखा भूसा और हरा चारा मौजूद था। इसके बाद उन्होंने उपस्थिति रजिस्टर उठाकर मौके पर मौजूद गोवंशों की गिनती कराई।
रिकॉर्ड के मुताबिक गोशाला में कुल 112 गाय और बैल (नर-मादा) मौजूद मिले, जिनका मिलान बिल्कुल सही पाया गया। सीडीओ ने केयरटेकरों से बातचीत कर साफ निर्देश दिया कि पानी और चारे की कमी से किसी भी पशु को तकलीफ नहीं होनी चाहिए। उन्होंने नगर पंचायत के अधिशासी अधिकारी (EO) को लगातार गोशाला का दौरा करने की जिम्मेदारी सौंपी।
कठौड़ी में डांट खा गए बीडीओ साहब
सीडीओ ने पशु चिकित्साधिकारी को कड़े निर्देश दिए कि वे समय-समय पर आकर पशुओं का हेल्थ चेकअप करें और बीमारी से बचाने के लिए उनका टीकाकरण (वैक्सीनेशन) जरूर पूरा रखें। उन्होंने चेतावनी दी कि अगर पशुओं के रखरखाव में किसी भी स्तर पर ढिलाई मिली, तो संबंधित कर्मचारियों और सचिव के खिलाफ सीधी अनुशासनात्मक कार्रवाई होगी।
इसके बाद सीडीओ नियामताबाद के कठौड़ी स्थित वृहद गो संरक्षण केंद्र भी पहुंचे। वहाँ बायोगैस प्लांट की मरम्मत का काम चल रहा था। इस पर सीडीओ ने खंड विकास अधिकारी (BDO) को डांट लगाते हुए निर्देश दिया कि एक हफ्ते के भीतर इस प्लांट को ठीक कराएं। प्लांट ठीक होने के बाद इससे बनने वाली गैस का इस्तेमाल बगल में मौजूद सरकारी स्कूल के बच्चों का मिड-डे मील (मध्यान्ह भोजन) का खाना पकाने के लिए ईंधन के रूप में किया जाएगा।