हाईवे पर महिला बनकर ट्रक ड्राइवरों को लूटता था उपेंद्र यादव, एनकाउंटर के बाद हुआ गिरोह का पर्दाफाश

चंदौली में साड़ी पहनकर ट्रक ड्राइवरों को लूटने वाले अंतरराज्यीय गिरोह के सरगना को पुलिस ने मुठभेड़ के दौरान पैर में गोली मारकर दबोच लिया। शातिर अपराधी के तीन अन्य साथी भी गिरफ्तार किए गए हैं। पूरी सनसनीखेज कहानी पढ़ने के लिए क्लिक करें।

 

महिला बनकर लूटने वाला गैंग बेनकाब

चंदौली पुलिस मुठभेड़ में सरगना घायल

भगवानपुर तालाब के पास चलीं गोलियाँ

वाराणसी-बिहार हाईवे पर फैला था जाल

 चंदौली जनपद में सोमवार की सुबह उस समय हड़कंप मच गया, जब सदर कोतवाली क्षेत्र के भगवानपुर तालाब के पास पुलिस और शातिर लुटेरों के बीच सीधी मुठभेड़ हो गई। सुबह-सवेरे अचानक हुई गोलियों की तड़तड़ाहट से पूरा इलाका गूंज उठा, जिससे स्थानीय ग्रामीणों में दहशत फैल गई। फायरिंग की आवाज सुनकर बड़ी संख्या में लोग मौके की तरफ दौड़े। इस साहसिक कार्रवाई में पुलिस ने गिरोह के मुख्य सरगना को पैर में गोली लगने के बाद गिरफ्तार कर लिया है, जबकि उसके तीन अन्य सहयोगियों को भी सलाखों के पीछे पहुंचा दिया गया है।

मुठभेड़ में सरगना घायल, अस्पताल में भर्ती
दोनों तरफ से हुई कई राउंड फायरिंग के दौरान पुलिस की एक गोली मुख्य बदमाश के पैर में जा लगी, जिससे वह लहूलुहान होकर वहीं गिर पड़ा। पुलिस ने तुरंत घेराबंदी मजबूत करते हुए घायल बदमाश और उसके तीन अन्य साथियों को हिरासत में ले लिया। पकड़े गए घायल बदमाश की पहचान बिहार प्रांत के मोहनिया निवासी उपेंद्र यादव के रूप में हुई है, जो इस पूरे गिरोह का संचालन कर रहा था। पुलिस ने घायल उपेंद्र को तुरंत अभिरक्षा में लेकर जिला अस्पताल में उपचार के लिए भर्ती कराया है, जहां डॉक्टरों की देखरेख में उसका इलाज चल रहा है।

साड़ी पहनकर ट्रक ड्राइवरों को बनाते थे निशाना
सदर कोतवाली पुलिस और एसओजी की पूछताछ में इस गिरोह के अपराध करने के चौंकाने वाले तौर-तरीकों का खुलासा हुआ है। यह अंतरराज्यीय गिरोह बेहद शातिर ढंग से वारदातों को अंजाम देता था। गिरोह के सदस्य रात या तड़के के समय महिलाओं का भेष धारण कर (साड़ी पहनकर) राष्ट्रीय राजमार्ग पर खड़े हो जाते थे। इसके बाद वे वहां से गुजरने वाले ट्रक चालकों को लिफ्ट मांगने या अन्य बहानों से रुकने का इशारा करते थे। जैसे ही कोई भोला-भाला ट्रक ड्राइवर गाड़ी रोकता था, ये लोग असलहे के बल पर उससे नकदी, मोबाइल फोन और अन्य कीमती सामान लूटकर रफूचक्कर हो जाते थे।

एक दिन पहले ही की थी 42 हजार की लूट
इस गिरोह ने मुठभेड़ से ठीक एक दिन पहले भी सदर कोतवाली क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले हाईवे पर इसी तरह की एक बड़ी वारदात को अंजाम दिया था। वाराणसी से बिहार की तरफ जा रहे एक ट्रक को महिला बनकर इन बदमाशों ने रोका था और चालक से डरा-धमकाकर 42 हजार रुपये की नकदी लूट ली थी। इस घटना के बाद से ही पुलिस की कई टीमें इस गिरोह को सर्विलांस और मुखबिर तंत्र की मदद से ट्रैक कर रही थीं।

सीओ सदर देवेंद्र कुमार ने बताया कि पकड़े गए बदमाशों से सघन पूछताछ की जा रही है और उनके आपराधिक इतिहास को खंगाला जा रहा है। फरार चल रहे अन्य संभावित अपराधियों की धरपकड़ के लिए इलाके में कॉम्बिंग ऑपरेशन चलाया जा रहा है। जल्द ही इस पूरे नेटवर्क को पूरी तरह ध्वस्त कर दिया जाएगा।