चंदौली की ट्रैफिक व्यवस्था सुधारने की पहल: SP ने इन 23 पुलिसकर्मियों का किया तबादला
चंदौली पुलिस अधीक्षक ने जनपद की यातायात व्यवस्था को सुदृढ़ करने के लिए प्रशिक्षण प्राप्त 23 मुख्य आरक्षी और आरक्षियों का तबादला यातायात विभाग में कर दिया है। यह आदेश तत्काल प्रभाव से लागू किया गया है।
एसपी चंदौली ने जारी किया आदेश
23 पुलिसकर्मियों का हुआ तबादला
प्रशिक्षण प्राप्त जवानों को मिली जिम्मेदारी
तत्काल प्रभाव से आदेश हुआ लागू
चंदौली जनपद में पुलिस विभाग के भीतर एक महत्वपूर्ण प्रशासनिक फेरबदल किया गया है। पुलिस अधीक्षक, चंदौली द्वारा जारी किए गए ताजा आदेश के अनुसार, जनपद के विभिन्न थानों और पुलिस लाइन में तैनात 23 पुलिसकर्मियों को तत्काल प्रभाव से यातायात (ट्रैफिक) विभाग में स्थानांतरित कर दिया गया है। यह निर्णय जनपद में यातायात प्रबंधन को अधिक प्रभावी और सुचारू बनाने के उद्देश्य से लिया गया है।
प्रशिक्षण प्राप्त जवानों को मिली नई जिम्मेदारी
जानकारी के अनुसार, जिन 23 पुलिसकर्मियों का तबादला किया गया है, वे सभी 'यातायात प्रशिक्षण' प्राप्त कर चुके हैं। जनपदीय पुलिस स्थापना बोर्ड की बैठक में लिए गए निर्णय के आधार पर, इन मुख्य आरक्षियों और आरक्षियों का समायोजन यातायात शाखा में किया गया है। इनमें चंदौली थाना, मुगलसराय, सकलडीहा, चकरघट्टा, और शहाबगंज जैसे महत्वपूर्ण थानों से कर्मियों को हटाया गया है। साथ ही, कुछ कर्मियों की पुलिस लाइन या थानों से पुरानी संबद्धता को निरस्त कर उन्हें सीधे यातायात विभाग में भेजा गया है।
प्रमुख नामों और थानों की सूची
स्थानांतरण सूची में मुख्य आरक्षी सुशील कुमार मौर्या (थाना चंदौली), सुनील कुमार (पुलिस लाइन), राकेश कुमार (पुलिस लाइन), और आरक्षी विनय प्रताप (थाना मुगलसराय) जैसे नाम शामिल हैं। इसके अलावा, यूपी-112 में तैनात कर्मियों और नौगढ़ व चकरघट्टा जैसे क्षेत्रों के जवानों को भी यातायात की जिम्मेदारी सौंपी गई है। आदेश में स्पष्ट किया गया है कि सभी संबंधित अधिकारी और थाना प्रभारी इन कर्मियों का अनुपालन सुनिश्चित कर विभाग को अवगत कराएंगे।
जनपद में सुरक्षा और यातायात पर प्रभाव
27 जनवरी 2026 को जारी इस आदेश का मुख्य लक्ष्य ट्रैफिक कंट्रोल को प्रशिक्षित हाथों में सौंपना है। चंदौली जैसे व्यस्त जनपद में, जहाँ भारी वाहनों का दबाव अधिक रहता है, वहां इन प्रशिक्षित जवानों की तैनाती से जाम की समस्या और सड़क सुरक्षा नियमों के पालन में सुधार होने की उम्मीद जताई जा रही है। एसपी के इस कदम से पुलिस महकमे में सक्रियता और अनुशासन बढ़ने की संभावना है।