महेंद्र टेक्निकल कॉलेज में जुटा प्रधानाचार्य परिषद: वेतनमान और विनियमितीकरण को लेकर पास हुए 4 बड़े प्रस्ताव

 

चंदौली के महेंद्र टेक्निकल इंटर कॉलेज में प्रधानाचार्य सम्मेलन और सम्मान समारोह का आयोजन हुआ। इसमें तदर्थ प्रधानाचार्यों के विनियमितीकरण, उचित वेतनमान और विद्यालयों में शैक्षणिक माहौल को बेहतर बनाने पर मंथन के साथ चार प्रमुख प्रस्ताव पारित किए गए।

 
 

महेंद्र टेक्निकल कॉलेज में प्रधानाचार्य सम्मेलन

तदर्थ प्रधानाचार्यों के विनियमितीकरण की मांग

सेवानिवृत्त प्रधानाचार्यों का किया गया सम्मान

सम्मेलन में पारित हुए 4 प्रमुख प्रस्ताव

वित्तविहीन प्रधानाचार्यों के मानदेय पर चर्चा

उत्तर प्रदेश प्रधानाचार्य परिषद चंदौली के तत्वावधान में महेंद्र टेक्निकल इंटर कॉलेज में जनपदीय सम्मेलन एवं सेवानिवृत्त प्रधानाचार्यों के सम्मान समारोह का भव्य आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम में जिले के अशासकीय सहायता प्राप्त और वित्तविहीन माध्यमिक विद्यालयों के सैकड़ों प्रधानाचार्यों ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया। कार्यक्रम की शुरुआत मां सरस्वती के चित्र पर दीप प्रज्ज्वलन और माल्यार्पण के साथ हुई।

अतिथियों का स्वागत और दीप प्रज्ज्वलन से हुई शुरुआत
सम्मेलन का शुभारंभ परिषद के प्रदेश संरक्षक देवकृष्ण शर्मा, मुख्य अतिथि प्रांतीय अध्यक्ष व उत्तर प्रदेश शिक्षा सेवा चयन आयोग के सदस्य डॉ. हरेंद्र कुमार राय तथा विशिष्ट अतिथि जिला विद्यालय निरीक्षक चंदौली द्वारा संयुक्त रूप से किया गया। इस दौरान मेजबान विद्यालय महेंद्र टेक्निकल इंटर कॉलेज के प्रधानाचार्य प्रमोद कुमार सिंह ने आए हुए सभी अतिथियों और प्रधानाचार्यों का स्वागत किया।

तदर्थ प्रधानाचार्यों के विनियमितीकरण और वेतनमान की उठी मांग
सम्मेलन को संबोधित करते हुए प्रदेश संरक्षक देवकृष्ण शर्मा ने वर्षों से निष्ठापूर्वक सेवा दे रहे तदर्थ प्रधानाचार्यों के विनियमितीकरण की मांग शासन के समक्ष प्रमुखता से रखी। उन्होंने कहा कि वर्ष 2023 के बाद से कार्यवाहक प्रधानाचार्य के रूप में जिम्मेदारी संभाल रहे शिक्षकों को भी उनके पद के अनुरूप वेतनमान दिया जाना बेहद जरूरी है, ताकि उनके मनोबल में वृद्धि हो सके।

शैक्षणिक वातावरण सुधारने और समन्वय पर मुख्य अतिथि का जोर
मुख्य अतिथि डॉ. हरेंद्र कुमार राय ने अपने संबोधन में तदर्थ प्रधानाचार्यों के विनियमितीकरण के साथ-साथ विद्यालयों में बेहतर शैक्षणिक माहौल बनाने पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि प्रधानाचार्यों को नियमों का पालन करते हुए सभी पक्षों के साथ तालमेल बिठाकर विवेकपूर्ण निर्णय लेने चाहिए। वहीं जिला विद्यालय निरीक्षक ने विद्यालयों में भौतिक सुविधाओं के विकास और छात्रहित में शिक्षा का स्तर सुधारने का आश्वासन दिया।

सेवानिवृत्त प्रधानाचार्यों का सम्मान और 4 प्रमुख प्रस्ताव पारित
समारोह के दौरान सेवानिवृत्त प्रधानाचार्यों वीरेंद्र तिवारी, कृष्ण शंकर सिंह और अभिमन्यु यादव को अंगवस्त्र और स्मृति चिह्न देकर सम्मानित किया गया। सम्मेलन में सर्वसम्मति से चार प्रमुख प्रस्ताव पारित किए गए। इनमें तदर्थ प्रधानाचार्यों का विनियमितीकरण, 2023 के बाद के प्रधानाचार्यों को पद का वेतन, चयन एवं प्रोन्नत वेतनमान तथा वित्तविहीन विद्यालयों के प्रधानाचार्यों को सम्मानजनक वेतन देने की मांग शामिल रही।

सैकड़ों प्रधानाचार्यों की उपस्थिति में राष्ट्रगान के साथ समापन
कार्यक्रम का सफल संचालन नेशनल इंटर कॉलेज सैयदराजा के प्रधानाचार्य अनिल कुमार सिंह ने किया। इस दौरान डॉ. रामचंद्र शुक्ल, डॉ. राजेश कुमार त्रिपाठी, संजय सिंह, शिवानंद गौतम, राजेश कुमार, घनश्याम त्रिपाठी, भैरव प्रसाद, अजय भारती, शशि प्रकाश पांडेय, माधुरी यादव, आभा सिंह और मनोज वर्मा सहित सैकड़ों शिक्षक मौजूद रहे। अंत में राष्ट्रगान के साथ सम्मेलन का समापन हुआ।