चंदौली में उठी 163 साल पुराने पुलिस कानून को बदलने की मांग: युवा संघर्ष मोर्चा ने CM योगी को भेजा ज्ञापन 

 

चंदौली में युवा संघर्ष मोर्चा ने 1861 के पुराने पुलिस कानून को हटाकर नया मॉडल पुलिस अधिनियम लागू करने की मांग की है। जानिए क्यों अंग्रेजों के जमाने के इस कानून को बदलने के लिए सीएम योगी को ज्ञापन भेजा गया।

 
 

अंग्रेजों का पुराना पुलिस एक्ट बदलने की मांग

चंदौली में अपर जिलाधिकारी को सौंपा ज्ञापन

पुलिस सुधार के लिए मॉडल एक्ट जरूरी

जनता और पुलिस के बीच खत्म हो डर

युवा संघर्ष मोर्चा ने उठाई आवाज

चंदौली जिले में अंग्रेजों के ज़माने से चले आ रहे पुलिस कानून को बदलने के लिए आवाज़ उठने लगी है। युवा संघर्ष मोर्चा के संयोजक और अधिवक्ता शैलेंद्र पांडे 'कवि' ने देश में नया 'मॉडल पुलिस अधिनियम' लागू करने के लिए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को संबोधित एक ज्ञापन अपर जिलाधिकारी (ADM) चंदौली को सौंपा।

गुलामी के दौर का कानून आज भी लागू
ज्ञापन सौंपते हुए अधिवक्ता शैलेंद्र पांडे ने कहा कि आज भी हमारी पुलिस 1861 के पुलिस एक्ट के तहत काम कर रही है। यह कानून अंग्रेजों ने भारतीय जनता को दबाने और अपनी हुकूमत बचाने के लिए बनाया था। आजादी के आठ दशक बीत जाने के बाद भी इस औपनिवेशिक मानसिकता वाले कानून का लागू रहना बेहद चिंताजनक है।

जनता और पुलिस के बीच डर का माहौल
मोर्चा का कहना है कि पुराने कानून की वजह से पुलिस और आम जनता के बीच भरोसे के बजाय डर का रिश्ता बना हुआ है। इस कानून में पुलिस पर नेताओं और सरकार का पूरा नियंत्रण रहता है, जिससे पुलिस स्वतंत्र और निष्पक्ष होकर काम नहीं कर पाती। इसके चलते आम नागरिकों के मानवाधिकारों का हनन भी देखने को मिलता है।

जवाबदेही और आधुनिक नियमों की कमी
शैलेंद्र पांडे ने बताया कि गलत काम करने वाले अधिकारियों पर तुरंत कार्रवाई न होना और पुलिस की जनता के प्रति सीधी जवाबदेही तय न होना बड़ी समस्याएं हैं। आज के modern समय में पुलिस के पास आधुनिक नियमों का न होना और जवाबदेही की कमी इस पूरी व्यवस्था को लाचार बनाती है। इसलिए अब इसे बदलना बहुत जरूरी हो गया है।

BNS लागू हुआ, लेकिन पुलिस एक्ट वही पुराना
ज्ञापन में इस बात का भी ज़िक्र किया गया कि केंद्र सरकार ने IPC, CrPC और भारतीय साक्ष्य अधिनियम जैसे पुराने कानूनों को बदलकर नए BNS कानून लागू कर दिए हैं। लेकिन अफसोस की बात यह है कि पुलिस अधिनियम 1861 को बदलने के लिए अभी तक कोई ठोस और बड़ा कदम नहीं उठाया गया है।

ज्ञापन सौंपने के दौरान कई लोग रहे मौजूद
इस मौके पर युवा संघर्ष मोर्चा से जुड़े कई प्रमुख लोग मौजूद रहे। अपर जिलाधिकारी को ज्ञापन देने वालों में मुख्य रूप से ईश्वर चंद्र पांडे, मनीष उपाध्याय, अंकित उपाध्याय और संदीप कुमार सिंह समेत कई अन्य कार्यकर्ता शामिल थे। सभी ने एक सुर में नया मॉडल पुलिस एक्ट जल्द से जल्द लागू करने की मांग की।