अवैध खनन और ओवरलोडिंग पर एक्शन, पेट्रोल पंपों के लिए जारी हुआ DM-SP का ये कड़ा फरमान
चंदौली कलेक्ट्रेट में DM और SP ने बिजली, खनन और पेट्रोल पंप संचालकों के साथ हाई-लेवल बैठक की है। बिजली की किल्लत, अवैध खनन और गैलन में तेल देने पर प्रशासन ने क्या सख्त कदम उठाए हैं, पूरी खबर पढ़ें।
कलेक्ट्रेट सभागार में महत्वपूर्ण बैठक
बिना रुकावट निर्बाध बिजली आपूर्ति
अवैध खनन पर कड़ा एक्शन
गैलन में तेल देने पर रोक
ओवरलोडिंग गाड़ियों पर होगी जब्ती
उत्तर प्रदेश के चंदौली जिले से एक बड़ी प्रशासनिक खबर सामने आ रही है। चंदौली के कलेक्ट्रेट सभागार में सोमवार, 25 मई 2026 को जिलाधिकारी (DM) चन्द्र मोहन गर्ग एवं पुलिस अधीक्षक (SP) आकाश पटेल की संयुक्त अध्यक्षता में एक अत्यंत महत्वपूर्ण समीक्षा बैठक का आयोजन किया गया। इस उच्चस्तरीय बैठक में मुख्य रूप से विद्युत विभाग, खनन विभाग तथा जनपद के समस्त पेट्रोल पंप संचालकों की कार्यप्रणाली की गहन समीक्षा की गई। बैठक का मुख्य उद्देश्य जिले की बुनियादी व्यवस्थाओं को सुदृढ़ करना और नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ कठोर कार्रवाई सुनिश्चित करना था।
बिजली समस्या पर जिलाधिकारी सख्त, बोले- हवा-हवाई निस्तारण नहीं चलेगा
विद्युत विभाग की समीक्षा करते हुए जिलाधिकारी चन्द्र मोहन गर्ग ने ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों में रोस्टर के अनुसार बिना किसी रुकावट के निर्बाध बिजली आपूर्ति करने के सख्त निर्देश दिए। जिले में बिजली कटौती को लेकर मिल रही जनशिकायतों पर नाराजगी जताते हुए उन्होंने कहा कि सभी समस्याओं का तत्काल धरातल पर निस्तारण किया जाए। जिलाधिकारी ने स्पष्ट लहजे में कहा कि बिजली से जुड़े सभी संबंधित अधिकारी और कर्मचारी जनता का फोन अनिवार्य रूप से उठाएं। उपभोक्ताओं को बिजली कटने का सही कारण बताकर संतुष्ट करें, किसी भी स्तर पर हवा-हवाई या फर्जी निस्तारण बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
विद्युत संबंधी शिकायत के लिए महत्वपूर्ण नंबर:
उपभोक्ता अपनी बिजली समस्याओं के समाधान के लिए टोल फ्री नंबर 1912 पर शिकायत दर्ज करा सकते हैं। इसके अलावा जनपद चंदौली के मंडलीय कार्यालय कंट्रोल रूम नंबर 9415696764 पर भी सीधे संपर्क स्थापित किया जा सकता है।
अवैध खनन और ओवरलोडिंग के खिलाफ बनेगी संयुक्त टास्क फोर्स
खनन विभाग की समीक्षा के दौरान जिलाधिकारी ने खनन अधिकारी को साफ तौर पर निर्देशित किया कि जिले में अवैध खनन किसी भी परिस्थिति में स्वीकार्य नहीं होगा। इसके लिए पीडब्ल्यूडी (PWD), पुलिस, और एनएचएआई (NHAI) की एक संयुक्त टीम का गठन कर बड़े स्तर पर चेकिंग अभियान चलाया जाएगा। यदि कोई भी व्यक्ति अवैध खनन में लिप्त पाया जाता है, तो उसके विरुद्ध कठोरतम दंडात्मक कार्रवाई की जाएगी। इसी क्रम में पुलिस अधीक्षक आकाश पटेल ने निर्देश दिया कि ओवरलोडिंग करने वाले और बिना नंबर प्लेट के दौड़ने वाले वाहनों को तत्काल सीज किया जाए।
ओवरलोडिंग, तेज रफ्तार और टोल टैक्स की चोरी
SP आकाश पटेल ने सुरक्षा का हवाला देते हुए बताया कि ओवरलोडिंग, तेज रफ्तार और टोल टैक्स की चोरी करने की नीयत से बड़े वाहन लिंक रोड (संपर्क मार्गों) से गुजरते हैं। इस वजह से ग्रामीण इलाकों में भीषण सड़क दुर्घटनाओं की आशंका काफी अधिक बढ़ जाती है। इस गंभीर समस्या से निपटने के लिए सभी उप जिलाधिकारी (SDM) और पुलिस क्षेत्राधिकारी (CO) को अपने-अपने संबंधित कार्यक्षेत्रों में लगातार चेकिंग अभियान चलाने और कड़ी निगरानी रखने के सख्त निर्देश दिए गए हैं।
पेट्रोल पंपों से गैलन में तेल देने पर पाबंदी
बैठक के आखिरी चरण में जिले के पेट्रोल पंप संचालकों के साथ विस्तृत चर्चा की गई। जिलाधिकारी चन्द्र मोहन गर्ग ने कड़ा रुख अपनाते हुए सभी संचालकों को आगाह किया कि किसी भी दशा में खुले गैलन, डिब्बों या बोतलों में डीजल और पेट्रोल की बिक्री न की जाए, अन्यथा की स्थिति में पंप के खिलाफ बड़ी विधिक कार्रवाई अमल में लाई जाएगी। उन्होंने सभी पेट्रोल पंप मालिकों को निर्देशित किया कि वे स्वयं अपने-अपने पंपों पर मौजूद रहकर तेल की बिक्री कराएं, ताकि कोई भी सेल्समैन नियमों का उल्लंघन न कर सके।
इसके साथ ही पुलिस अधीक्षक ने जिले के समस्त थाना प्रभारियों और चौकी प्रभारियों को अपने क्षेत्रों के पेट्रोल पंपों पर पैनी नजर रखने का आदेश दिया। उन्होंने कहा कि यदि किसी भी पेट्रोल पंप की बिक्री या गतिविधियों को लेकर जरा सा भी संदेह उत्पन्न होता है, तो तत्काल वहां के सीसीटीवी (CCTV) फुटेज की बारीकी से जांच की जाए और रिपोर्ट उच्चाधिकारियों को प्रेषित की जाए। इस महत्वपूर्ण बैठक में अपर पुलिस अधीक्षक अनंत चंद्रशेखर, प्रभागीय वनाधिकारी शिवशंकर, अपर जिलाधिकारी रतन वर्मा सहित जिले के तमाम उप जिलाधिकारी, पुलिस क्षेत्राधिकारी और संबंधित विभागों के आला अधिकारी व कर्मचारी उपस्थित रहे।