तम्बागढ़ के अग्निकांड पीड़ितों के बीच पहुंचे पूर्व विधायक मनोज सिंह, राशन और तिरपाल बांटकर दिखायी दरियादिली

बरहनी के  तम्बागढ़  गांव में भीषण आग से तबाह हुए 14 दलित परिवारों की मदद के लिए पूर्व विधायक मनोज कुमार सिंह आगे आए हैं। उन्होंने पीड़ितों को राशन, वस्त्र और तिरपाल जैसी जरूरी सामग्री बांटते हुए उन्हें सरकारी आवास दिलाने का भरोसा दिलाया।

 

14 दलित परिवारों के घरों में दोबारा जला चूल्हा

पीड़ितों को तिरपाल, कपड़े और दैनिक सामान वितरित

प्रभावितों को पक्का आवास दिलाने का दिया आश्वासन

पूर्व विधायक ने प्रशासनिक और सत्ता पक्ष की उपेक्षा पर उठाए सवाल

चंदौली जिले के बरहनी विकासखंड के  तम्बागढ़  गांव में बुधवार को हुए भीषण अग्निकांड ने कई परिवारों की जिंदगी भर की कमाई राख कर दी। इस दुखद घड़ी में पीड़ितों की सुध लेने के लिए पूर्व विधायक सैयदराजा मनोज कुमार सिंह डबके मौके पर पहुंचे। उन्होंने न केवल पीड़ितों का ढांढस बंधाया, बल्कि उनके घरों में दोबारा चूल्हा जलाने और रहने का इंतजाम करने के लिए व्यक्तिगत स्तर पर बड़ी राहत सामग्री वितरित की।

दो दिनों तक चला राहत का अभियान
हादसे की सूचना मिलते ही मनोज सिंह सक्रिय हो गए। बुधवार को उन्होंने आग से प्रभावित 14 दलित परिवारों के बीच पहुंचकर तत्काल राशन उपलब्ध कराया, ताकि भूख से बिलख रहे बच्चों और बुजुर्गों को भोजन मिल सके। इसके बाद बृहस्पतिवार को भी राहत कार्य जारी रहा, जहां 18 पीड़ितों को दैनिक जीवन के लिए अत्यंत आवश्यक सामग्री जैसे—वस्त्र, तिरपाल, रस्सी, बाल्टी, निरमा साबुन और कपड़े दिए गए। सिर पर छत खो चुके परिवारों के लिए तिरपाल और रस्सियां बड़ी राहत बनकर सामने आईं।

आवास के लिए जिलाधिकारी से करेंगे मुलाकात
राहत वितरण के दौरान पूर्व विधायक ने देखा कि कई परिवार खुले आसमान के नीचे रहने को मजबूर हैं। उन्होंने पीड़ितों को आश्वासन दिया कि वे जल्द ही जिलाधिकारी चंदौली से मुलाकात करेंगे और शासन स्तर पर पैरवी कर सभी प्रभावित परिवारों को सरकारी आवास (प्रधानमंत्री/मुख्यमंत्री आवास योजना) दिलाने का प्रयास करेंगे।

सत्ता पक्ष पर साधा तीखा निशाना
मनोज कुमार सिंह ने इस मौके पर वर्तमान सरकार और प्रशासन की कार्यप्रणाली पर भी कड़े सवाल उठाए। उन्होंने कहा, "सरकार में बैठे लोगों को गरीबों की पीड़ा से कोई लेना-देना नहीं है। वे केवल फोटो खिंचवाने और औपचारिकता निभाने के लिए आते हैं।" उन्होंने आरोप लगाया कि जब गरीब का सब कुछ जलकर राख हो जाता है, तब प्रशासन को तुरंत सक्रिय होना चाहिए, लेकिन धरातल पर मदद की कमी दिख रही है।

 तम्बागढ़  गांव के ग्रामीणों ने इस संकट के समय में मिली त्वरित सहायता के लिए पूर्व विधायक के प्रति आभार व्यक्त किया। हालांकि, ग्रामीणों ने प्रशासन से यह भी मांग की है कि उन्हें जल्द से जल्द स्थायी राहत और आर्थिक मुआवजा प्रदान किया जाए। इस दौरान क्षेत्र के कई गणमान्य नागरिक और सामाजिक कार्यकर्ता भी उपस्थित रहे।