पैरावेट पशुमित्रों की आर-पार की लड़ाई: फिक्स मानदेय न मिलने पर 5 अगस्त से प्रदेशव्यापी अनिश्चितकालीन धरना

 

चंदौली के बरहनी और धानापुर के पैरावेट पशुमित्रों ने फिक्स मानदेय की मांग को लेकर मुख्य पशु चिकित्साधिकारी को ज्ञापन सौंपा। उन्होंने चेताया कि 23 जुलाई तक मांग पूरी न होने पर 5 अगस्त से अनिश्चितकालीन धरना शुरू होगा।

 
 

नियमित मानदेय को लेकर पैरावेट पशुमित्रों का प्रदर्शन

चंदौली CVO डॉ. योगेश कुशवाहा को सौंपा गया ज्ञापन

14 जुलाई 2025 के शासनादेश पर कार्रवाई की मांग

5 अगस्त से प्रदेशव्यापी अनिश्चितकालीन धरने की चेतावनी

शासन-प्रशासन को पैरावेट पशुमित्रों का कड़ा अल्टीमेटम

चंदौली जिले के बरहनी विकास खंड और धानापुर क्षेत्र के ऑल पैरावेट पशुमित्र कार्यकर्ता सेवा समिति (पशुपालन विभाग, उत्तर प्रदेश) के सदस्यों ने अपनी पुरानी मांगों को लेकर हुंकार भरी है। नियमित मानदेय और अन्य समस्याओं के समाधान के लिए समिति के पदाधिकारियों ने उत्तर प्रदेश शासन के नाम चंदौली के मुख्य पशु चिकित्साधिकारी (CVO) डॉ. योगेश कुशवाहा को ज्ञापन सौंपा।

शासनादेश के बाद भी अटकी है मानदेय की फाइल
समिति के पदाधिकारियों ने बताया कि शासन द्वारा 14 जुलाई 2025 को जारी शासनादेश के तहत नियमित मानदेय देने की प्रक्रिया शुरू की गई थी। इसके तहत पशुपालन विभाग ने पूरा प्रस्ताव तैयार कर शासन को भेज भी दिया था, लेकिन महीनों बीत जाने के बाद भी इस पर कोई ठोस या प्रभावी कार्रवाई नहीं हुई। इससे पूरे उत्तर प्रदेश के पैरावेट पशुमित्रों में गहरा आक्रोश और निराशा व्याप्त है।

23 जुलाई तक समाधान नहीं तो 5 अगस्त से बड़ा आंदोलन
ज्ञापन में आरोप लगाया गया कि कई बार अर्जी देने के बावजूद उनकी मांगों पर सिर्फ आश्वासन ही मिला है। समिति ने शासन-प्रशासन को कड़ा अल्टीमेटम देते हुए कहा है कि यदि 23 जुलाई 2026 तक उनकी समस्याओं का स्थायी हल नहीं निकाला गया, तो 5 अगस्त 2026 से पूरे प्रदेश के पैरावेट पशुमित्र अनिश्चितकालीन धरना-प्रदर्शन शुरू कर देंगे। आंदोलन के दौरान होने वाली किसी भी अप्रिय स्थिति की पूरी जिम्मेदारी शासन-प्रशासन की होगी।

सीवीओ ने दिया त्वरित संज्ञान लेने का भरोसा
ज्ञापन स्वीकार करने के बाद मुख्य पशु चिकित्साधिकारी (सीवीओ) डॉ. योगेश कुशवाहा ने पशुमित्रों की बात को ध्यान से सुना। उन्होंने मामले का त्वरित संज्ञान लेते हुए आश्वासन दिया कि नियमानुसार उचित विभागीय कार्रवाई और आगे की सिफारिशों के लिए विभागीय स्तर पर जल्द से जल्द सकारात्मक प्रयास किए जाएंगे।