चंदौली में स्टार्टअप वर्कशॉप 'तेजस' की धूम: रेवसा ITI में बनेगा स्थाई सेटेलाइट सेंटर, युवाओं को मिलेंगे आगे बढ़ने के शानदार मौके

 

चंदौली के राजकीय आईटीआई रेवसा में स्टार्टअप कार्यशाला 'तेजस' का सफल आयोजन हुआ। कार्यक्रम में युवाओं को बिजनेस शुरू करने के गुर सिखाने के साथ ही कैंपस में स्थाई सेटेलाइट सेंटर बनाने की बड़ी घोषणा की गई।

 
 

स्टार्टअप कार्यशाला तेजस का आयोजन

रेवसा आईटीआई में सेटेलाइट सेंटर

सीडीओ आर जगत साई शामिल

200 से अधिक उद्यमी मौजूद

चंदौली जिले के युवाओं को नए जमाने के बिजनेस और रोजगार से जोड़ने के लिए शनिवार, 4 जुलाई 2026 को एक बड़ा कदम उठाया गया। भारत सरकार के उद्योग एवं आंतरिक व्यापार संवर्धन विभाग (DPIIT) की स्टार्टअप पहल के तहत राजकीय आईटीआई रेवसा, चंदौली के परिसर में एक दिवसीय भव्य स्टार्टअप कार्यशाला ‘तेजस’ का सफल आयोजन किया गया।

इस खास प्रोग्राम को इन्वेस्ट यूपी, स्टार्टअप इन यूपी, अटल इन्क्यूबेशन सेंटर बीएचयू (BHU) और चंदौली जिला प्रशासन ने मिलकर आयोजित किया था। कार्यक्रम की शुरुआत मुख्य अतिथियों द्वारा दीप प्रज्वलन और मां सरस्वती की वंदना के साथ हुई। इसके बाद जिला सेवायोजन अधिकारी और तेजस वर्कशॉप के नोडल गौरव सिंह ने युवाओं को इस कार्यशाला के मुख्य उद्देश्यों के बारे में बारीकी से समझाया।

सीडीओ आर जगत साई ने किया प्रदर्शनी का निरीक्षण, नए विचारों को सराहा
कार्यशाला में मुख्य अतिथि के रूप में पहुंचे मुख्य विकास अधिकारी (CDO) आर जगत साई ने जिले में एक मजबूत बिजनेस माहौल (स्टार्टअप इकोसिस्टम) तैयार करने पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि आज के दौर में युवाओं को पारंपरिक नौकरियों से आगे बढ़कर नए विचारों (नवाचार) को अपनाना होगा, तभी देश और जिला आत्मनिर्भर बनेगा।

इस मौके पर जिले के तमाम युवा उद्यमियों, तकनीकी संस्थानों के छात्रों और स्वयं सहायता समूहों द्वारा बनाए गए बेहतरीन प्रोडक्ट्स की एक आकर्षक प्रदर्शनी भी लगाई गई। मुख्य विकास अधिकारी ने प्रदर्शनी के हर स्टॉल पर जाकर उत्पादों को देखा और युवाओं के प्रयासों की जमकर तारीफ की।

रेवसा आईटीआई परिसर में खुलेगा स्थाई सेटेलाइट सेंटर
वर्कशॉप में 'स्टार्टअप इन यूपी' के प्रतिनिधि प्रशांत रंजन ने उत्तर प्रदेश सरकार की रोजगार और व्यापार नीतियों के बारे में जानकारी दी। वहीं, DPIIT की तरफ से आए ऋत्विक और रवि ने नए उद्यमियों को अपने सामान को सही बाजार (मार्केट) तक पहुंचाने के कई व्यावहारिक और आसान तरीके सुझाए।

इस कार्यक्रम के दौरान सबसे बड़ी और महत्वपूर्ण घोषणा अटल इन्क्यूबेशन सेंटर (BHU) के डॉ. पी.वी. राजीव और डॉ. नंदलाल ने की। उन्होंने बताया कि चंदौली के स्थानीय युवाओं को आगे बढ़ाने के लिए राजकीय आईटीआई रेवसा के कैंपस में एक स्थाई 'सेटेलाइट सेंटर' स्थापित किया जाएगा। इस सेंटर के खुलने से जिले के युवाओं को बड़े बिजनेस एक्सपर्ट्स की मदद घर के पास ही मिल सकेगी। इसके साथ ही उपायुक्त उद्योग ने ई-मार्केट प्लेस से स्थानीय प्रोडक्ट्स को जोड़ने की बात कही।

200 से अधिक उद्यमियों और महिलाओं ने लिया हिस्सा
इस महत्वपूर्ण और ज्ञानवर्धक कार्यशाला में चंदौली ही नहीं बल्कि आसपास के जिलों के अधिकारियों ने भी शिरकत की। कार्यक्रम में गाजीपुर के जिला सेवायोजन अधिकारी, राजकीय आईटीआई रेवसा के प्रधानाचार्य, चंदौली पॉलिटेक्निक के प्रधानाचार्य सहित कौशल विकास मिशन के अमित कुमार श्रीवास्तव और शशिकांत सिंह मुख्य रूप से मौजूद रहे।

इस वर्कशॉप की सफलता का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि इसमें जिले के 200 से अधिक छोटे-बड़े उद्यमियों, युवा नए विचारकों और स्वयं सहायता समूहों से जुड़ी महिलाओं ने पूरे उत्साह के साथ हिस्सा लिया और बिजनेस शुरू करने के तौर-तरीके सीखे।