शौक पूरा करने के लिए बने शराब तस्कर! अलीनगर में ऑटो सवार 5 अभियुक्त गिरफ्तार, 1.20 लाख की शराब बरामद

 

चंदौली की अलीनगर पुलिस और RPF ने संयुक्त कार्रवाई करते हुए G.T.R पुल के पास से एक ऑटो को पकड़ा है। ऑटो से भारी मात्रा में अवैध अंग्रेजी शराब बरामद हुई है, जिसे तस्करी कर बिहार ले जाया जा रहा था। पुलिस ने 5 तस्करों को जेल भेज दिया है।

 
 

अलीनगर पुलिस और आरपीएफ की संयुक्त कार्रवाई

ऑटो से 51.20 लीटर अंग्रेजी शराब बरामद

बिहार के चार और चंदौली का एक तस्कर गिरफ्तार

तस्करी की शराब की कीमत करीब 1.20 लाख

ऊंचे दामों पर शराब बेचने का था प्लान

चंदौली शराब तस्करों के विरुद्ध पुलिस अधीक्षक आदित्य लांग्हे द्वारा चलाए जा रहे विशेष अभियान के तहत अलीनगर पुलिस और रेलवे सुरक्षा बल (RPF) को बड़ी सफलता मिली है। शुक्रवार, 30 जनवरी 2026 को एक संयुक्त ऑपरेशन के दौरान पुलिस ने एक ऑटो से भारी मात्रा में अवैध अंग्रेजी शराब बरामद की है। इस मामले में पुलिस ने 5 अभियुक्तों को गिरफ्तार किया है, जो शराब को ऊंचे दामों पर बिहार में खपाने की योजना बना रहे थे।

G.T.R पुल के पास बिछाया गया जाल
क्षेत्राधिकारी पीडीडीयू नगर अरुण कुमार सिंह और अपर पुलिस अधीक्षक सदर अनंत चन्द्रशेखर (IPS) के निर्देशन में प्रभारी निरीक्षक रमेश यादव के नेतृत्व वाली टीम चेकिंग अभियान चला रही थी। इसी दौरान आरपीएफ से मिली गुप्त सूचना के आधार पर पुलिस ने G.T.R पुल के पास घेराबंदी की। संदिग्ध लग रहे एक ऑटो (संख्या UP67AT8139) को जब रोककर तलाशी ली गई, तो पुलिस के होश उड़ गए। ऑटो के अंदर छिपाकर रखी गई कुल 51.20 लीटर अवैध अंग्रेजी शराब बरामद हुई।

बरामदगी और अभियुक्तों की पहचान
पुलिस ने मौके से 234 पीस '8PM' और 50 पीस 'आफ्टर डार्क' अंग्रेजी शराब बरामद की। इस खेप की अनुमानित कीमत बिहार के अवैध बाजार में करीब 1.20 लाख रुपये आंकी गई है। गिरफ्तार किए गए अभियुक्तों में ऑटो चालक महेश गुप्ता (शहाबगंज, चंदौली) के अलावा बिहार के रोहतास जिले के रहने वाले संदीप कुमार, मोहम्मद असफाक, बबलू केशरी और गणेश कुमार शामिल हैं। इन सभी के खिलाफ थाना अलीनगर में आबकारी अधिनियम की सुसंगत धाराओं में मुकदमा दर्ज किया गया है।

शौक पूरा करने के लिए शुरू की तस्करी
पुलिस पूछताछ में अभियुक्तों ने चौंकाने वाला खुलासा किया। उन्होंने बताया कि वे चंदौली के आसपास की दुकानों से थोड़ी-थोड़ी मात्रा में शराब खरीदकर इकट्ठा करते थे। जब शराब की एक बड़ी खेप तैयार हो जाती थी, तो उसे ऑटो के जरिए बिहार ले जाकर ऊंचे दामों पर बेच दिया करते थे। अभियुक्तों ने कबूल किया कि इस अवैध धंधे से होने वाले मोटे मुनाफे का इस्तेमाल वे अपने शौक पूरा करने के लिए करते थे।

कार्रवाई में शामिल पुलिस व आरपीएफ टीम
इस सफल कार्रवाई में अलीनगर थाना प्रभारी रमेश यादव, चौकी प्रभारी आलूमील अनिल कुमार यादव, उपनिरीक्षक तेजबहादुर और कॉन्स्टेबल प्रवेश सिंह व शैलेन्द्र यादव शामिल रहे। वहीं आरपीएफ की ओर से एएसआई प्रभुनाथ राय, आरक्षी राजीव रंजन पाठक और आरक्षी आनंद कुमार ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। पुलिस प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि भविष्य में भी इस तरह के तस्करी नेटवर्क पर प्रहार जारी रहेगा।