रेप करके 14 साल से फरार था संतोष, ऐसे बनारस से अरेस्ट हुआ 50 हजार का इनामी तस्कर
चंदौली की अलीनगर पुलिस और सर्विलांस सेल ने एक साझा ऑपरेशन में दुष्कर्म के मामले में पिछले 14 साल से फरार चल रहे 50 हजार रुपये के इनामी अपराधी संतोष कुमार को वाराणसी के बाबतपुर से गिरफ्तार कर लिया है।
अलीनगर पुलिस की बड़ी कामयाबी
सर्विलांस सेल की मदद से गिरफ्तारी
दुष्कर्म मामले का आरोपी गिरफ्तार
14 साल से फरार था इनामी
वाराणसी के बाबतपुर से दबोचा
चंदौली जिले की अलीनगर थाना पुलिस और सर्विलांस सेल की संयुक्त टीम को एक बहुत बड़ी कामयाबी हाथ लगी है। पुलिस ने एक बेहद शातिर और लंबे समय से वांछित चल रहे 50 हजार रुपये के इनामी और स्थायी वारंटी अपराधी को गिरफ्तार कर लिया है। यह अपराधी कानून की आंखों में धूल झोंककर पिछले 14 सालों से लगातार फरार चल रहा था, जिसे आखिरकार पुलिस ने दबोच लिया।
चंदौली पुलिस के उच्चाधिकारियों के कुशल निर्देशन में अलीनगर पुलिस लगातार अपराधियों और वारंटियों के खिलाफ अभियान चला रही है। इसी क्रम में पुलिस को इस बड़े और पुराने मामले के आरोपी को पकड़ने में बड़ी सफलता मिली है।
वाराणसी के बाबतपुर से फिल्मी अंदाज में गिरफ्तारी
पुलिस को पिछले काफी समय से इस इनामी अपराधी की तलाश थी। सटीक मुखबिर और सर्विलांस सेल की तकनीकी मदद के जरिए पुलिस टीम को सोमवार, 6 जुलाई 2026 की शाम करीब 4:00 बजे आरोपी की लोकेशन का पता चला। जिसके बाद अलीनगर पुलिस ने तुरंत जाल बिछाया।
पुलिस टीम ने वाराणसी जनपद के फूलपुर थाना क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले बाबतपुर इलाके में घेराबंदी की और आरोपी को रंगे हाथों दबोच लिया। अचानक सामने आई पुलिस को देखकर आरोपी को भागने का मौका तक नहीं मिल सका।
दुष्कर्म जैसे गंभीर मामले में चल रहा था वांछित
पकड़े गए अभियुक्त की पहचान संतोष कुमार (उम्र 42 वर्ष), पुत्र रमेश राम के रूप में हुई है, जो मूल रूप से चंदौली जिले के अलीनगर थाना क्षेत्र के घूस खास गांव का रहने वाला है। संतोष के खिलाफ साल 2012 में अलीनगर थाने में मुकदमा अपराध संख्या 134/12 दर्ज किया गया था।
यह मुकदमा भारतीय दंड संहिता (IPC) की धारा 363 (अपहरण), 366 (शादी के लिए मजबूर करने के लिए महिला का अपहरण) और 376 (दुष्कर्म) जैसी बेहद गंभीर और संगीन धाराओं में दर्ज था। इस मामले में कोर्ट द्वारा वारंट जारी होने के बाद भी वह पेश नहीं हो रहा था, जिसके बाद उस पर 50 हजार रुपये का इनाम घोषित किया गया था।
इस बेहद पुराने और चुनौतीपूर्ण मामले का खुलासा करने वाली टीम में अलीनगर थाना प्रभारी निरीक्षक घनश्याम शुक्ल की मुख्य भूमिका रही। उनके साथ भूपौली चौकी प्रभारी उपनिरीक्षक अमित कुमार सिंह, हेड कांस्टेबल विकास सिंह, कांस्टेबल सर्वजीत सिंह गौतम और सर्विलांस सेल के कांस्टेबल संदीप शामिल रहे।
चंदौली पुलिस ने बताया कि गिरफ्तार किए गए अभियुक्त संतोष कुमार के खिलाफ विधिक प्रक्रिया पूरी करते हुए आवश्यक वैधानिक और कानूनी कार्रवाई की जा रही है और उसे जेल भेजा जा रहा है। पुलिस के इस एक्शन से अपराधियों में हड़कंप है।