पुलिस टीम पर फायरिंग कर भागा था वाराणसी का शातिर गोतस्कर, इलिया पुलिस ने माल्दह से किया गिरफ्तार

चंदौली की इलिया पुलिस और स्वाट/एसओजी टीम ने संयुक्त कार्रवाई करते हुए 25,000 रुपये के इनामी गोतस्कर रामबाबू यादव को गिरफ्तार किया है। आरोपी वाराणसी का रहने वाला है और उस पर कई जिलों में गंभीर मुकदमे दर्ज हैं।

 

25 हजार का इनामी गोतस्कर गिरफ्तार

इलिया पुलिस और SOG की संयुक्त कार्रवाई

माल्दह पुलिया काली मंदिर के पास गिरफ्तारी

बिहार के रास्ते बंगाल भेजते थे गोवंश

चंदौली जिले में अपराधियों और गोतस्करों के खिलाफ चलाए जा रहे विशेष अभियान में इलिया थाना पुलिस और स्वाट/एसओजी की संयुक्त टीम को बड़ी कामयाबी हासिल हुई है। पुलिस टीम ने 25 हजार रुपये के इनामी और लंबे समय से वांछित चल रहे शातिर गोतस्कर रामबाबू यादव को माल्दह पुलिया के पास से धर दबोचा है।

माल्दह पुलिया के पास से हुई गिरफ्तारी
जानकारी के अनुसार, 30 जुलाई 2026 को थानाध्यक्ष इलिया चंदन कुमार राय और स्वाट/एसओजी प्रभारी निरीक्षक रामजनम यादव की अगुवाई में संयुक्त टीम क्षेत्र में गश्त कर रही थी। इसी दौरान मिली सटीक सूचना के आधार पर पुलिस ने माल्दह पुलिया के पास स्थित काली माता मंदिर के पास घेराबंदी की और वांछित अभियुक्त रामबाबू यादव उर्फ आनंद यादव को गिरफ्तार कर लिया। पकड़ा गया आरोपी वाराणसी जिले के थाना लंका क्षेत्र के नैपुराकला गांव का रहने वाला है। तलाशी में उसके पास से 110 रुपये नकद बरामद हुए।

मुठभेड़ के बाद से फरार चल रहा था आरोपी
दरअसल, यह पूरा मामला 26 सितंबर 2025 का है, जब इलिया पुलिस चेकिंग के दौरान एक संदिग्ध पिकअप को रोकने की कोशिश कर रही थी। उस दौरान पिकअप सवार तस्करों ने पुलिस टीम पर जानलेवा फायरिंग कर दी थी। जवाबी कार्रवाई में एक तस्कर के पैर में गोली लगी थी और उसे पकड़ लिया गया था, जबकि रामबाबू यादव अंधेरे का फायदा उठाकर मौके से भाग निकला था। उस समय पिकअप से 8 गोवंश (3 मृत और 5 जीवित) के साथ अवैध तमंचा और कारतूस भी मिले थे। घटना के बाद से ही पुलिस अधीक्षक द्वारा उस पर 25,000 रुपये का इनाम घोषित किया गया था।

बिहार के रास्ते पश्चिम बंगाल भेजने का था खेल
पुलिस की पूछताछ में आरोपी रामबाबू यादव ने स्वीकार किया कि वह अपने साथियों के साथ मिलकर आसपास के इलाकों से गोवंशों को खरीदता और इकट्ठा करता था। इसके बाद इन्हें पिकअप गाड़ियों में क्रूरतापूर्वक लादकर बिहार के रास्ते पश्चिम बंगाल ले जाया जाता था, जहां ऊंचे दामों में बेचकर मोटा मुनाफा कमाया जाता था।

आरोपी पर दर्ज हैं कई गंभीर मुकदमे
पकड़ा गया अभियुक्त कोई साधारण अपराधी नहीं है, बल्कि उस पर चंदौली के बबुरी, सैयदराजा, इलिया और प्रयागराज के हंडिया थाने में गोवध निवारण अधिनियम, पशु क्रूरता, आर्म्स एक्ट, विस्फोटक पदार्थ अधिनियम और बीएनएस की गंभीर धाराओं के तहत कुल 6 मुकदमे दर्ज हैं। पुलिस ने आरोपी के खिलाफ आगे की कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी है।