ऑपरेशन कन्विक्शन के तहत NDPS एक्ट के आरोपी धनेश को 17 साल बाद मिली सजा
न्यायालय का फैसला और सजा का फैसला
NDPS एक्ट के दोषी को मिली सजा
55 दिनों की जेल की सजा और 2000 का जुर्माने
चंदौली जिले में उत्तर प्रदेश के पुलिस महानिदेशक द्वारा चलाए जा रहे 'ऑपरेशन कन्विक्शन' अभियान के तहत, चंदौली पुलिस ने एक और बड़ी सफलता हासिल की है। प्रभावी वैज्ञानिक जांच, साक्ष्य संकलन और अभियोजन की मजबूत पैरवी के चलते एक अपराधी को सजा सुनाई गई है।
न्यायालय के पीठासीन अधिकारी श्री पारितोष श्रेष्ठ (एडीजे/एफटीसी प्रथम) ने NDPS एक्ट के तहत दोषी पाए गए एक आरोपी को दंडित किया है। आरोपी को जेल में बिताए गए 55 दिनों की अवधि और ₹2000 के जुर्माने की सजा सुनाई गई है। यदि वह जुर्माना अदा नहीं करता है, तो उसे 7 दिनों का अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा। यह फैसला इस बात को दर्शाता है कि उत्तर प्रदेश पुलिस अपराधियों को न्याय के कटघरे में लाने के लिए दृढ़ संकल्पित है।
दोषी का विवरण और मामले की जानकारी
दोषी का नाम धनेश कुमार चौहान है, जो धोबिया का पुरा (पुरैनी), थाना अलीनगर, चंदौली का निवासी है। उसके खिलाफ 22 जून 2008 को धारा 08/22 एनडीपीएस एक्ट के तहत अपराध संख्या- 321/2008 में मामला दर्ज किया गया था। यह मामला अलीनगर पुलिस थाने में पंजीकृत किया गया था।
इस मामले में पुलिस अधीक्षक के निर्देशन में, अपर पुलिस अधीक्षक सदर अनन्त चन्द्रशेखर के पर्यवेक्षण में कार्यवाही की गई। मॉनिटरिंग सेल के प्रभारी निरीक्षक मुकेश तिवारी, एडीजीसी श्री अवधेश पाण्डेय और थाना अलीनगर के पैरोकार कांस्टेबल संजीत कुमार की प्रभावी पैरवी और साक्षियों के ठोस सबूतों के कारण 10 सितंबर 2025 को न्यायालय ने आरोपी को दोषी करार दिया। यह पुलिस और अभियोजन पक्ष के बीच मजबूत तालमेल का एक उत्कृष्ट उदाहरण है, जिसने न्याय सुनिश्चित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।