चंदौली में सैयदराजा पुलिस की बड़ी कार्रवाई: यूपी-बिहार बॉर्डर पर 3600 लीटर अवैध डीजल बरामद, 6 तस्कर गिरफ्तार
सैयदराजा पुलिस की बड़ी डीजल बरामदगी
यूपी बिहार बॉर्डर पर सघन चेकिंग
निर्माण कार्य की आड़ में तस्करी
छह शातिर तस्करों को किया गिरफ्तार
तीन वाहन और चार लाख का डीजल जब्त
चंदौली जिले की सैयदराजा थाना पुलिस ने अवैध डीजल तस्करी के खिलाफ एक बेहद बड़ी कामयाबी हासिल की है। पुलिस अधीक्षक आकाश पटेल के निर्देशन में चलाए जा रहे विशेष अभियान के तहत पुलिस ने कुल 3600 लीटर अवैध डीजल बरामद किया है। इस मामले में पुलिस ने छह शातिर तस्करों को गिरफ्तार करने के साथ ही तस्करी में इस्तेमाल हो रहे तीन वाहनों को भी अपने कब्जे में ले लिया है। बरामद किए गए डीजल की कुल अनुमानित कीमत लगभग चार लाख रुपये आंकी जा रही है।
चेकिंग के दौरान दो अलग-अलग तारीखों में मिली सफलता
देश में ईंधन की बढ़ती कीमतों के बीच राजस्व चोरी और अवैध तस्करी पर अंकुश लगाने के लिए बॉर्डर पर सघन जांच अभियान चलाया जा रहा था। इसी क्रम में पहली कार्रवाई 20 मई 2026 को की गई, जब पुलिस ने एक संदिग्ध कंटेनर को रोककर उसकी तलाशी ली। तलाशी के दौरान कंटेनर से 2000 लीटर अवैध डीजल बरामद हुआ। मौके से पुलिस ने तीन अभियुक्तों श्रवण कुमार, ऋतुराज और जय नारायण सिंह को हिरासत में ले लिया।
इसके बाद पुलिस ने दूसरी बड़ी कार्रवाई 23 मई 2026 को अंजाम दी। पुलिस टीम ने एक अन्य कंटेनर और लोकेशन देने के काम में लगी एक इनोवा गाड़ी को घेराबंदी कर पकड़ा। इस वाहन से पुलिस को 1600 लीटर अवैध डीजल मिला। इस दौरान पुलिस ने मौके से तीन अन्य अभियुक्तों जावेद, मोईन और फर्म के स्वामी शाकिर को गिरफ्तार करने में सफलता पाई।
निर्माण कार्य के नाम पर राजस्व चोरी का खेल
मामले का खुलासा करते हुए देवेंद्र कुमार ने बताया कि पकड़े गए अभियुक्त बेहद शातिर तरीके से तस्करी को अंजाम दे रहे थे। पूछताछ में यह बात सामने आई कि आरोपी निर्माण कार्य का हवाला देकर उत्तर प्रदेश से बिहार डीजल ले जाने का दावा करते थे। हालांकि, गहन जांच में यह पूरी तरह साफ हो गया कि यह सिर्फ कागजी बहाना था और इसकी आड़ में भारी राजस्व चोरी कर अवैध रूप से डीजल की तस्करी की जा रही थी।
पेट्रोल पंपों पर भी गिरेगी गाज
इस पूरी कार्रवाई में पुलिस ने अब तक दो कंटेनर और एक इनोवा गाड़ी समेत कुल तीन वाहनों को सीज किया है। पुलिस अधिकारियों ने साफ संकेत दिए हैं कि इतनी बड़ी मात्रा में अवैध डीजल की आपूर्ति करने वाले संबंधित पेट्रोल पंपों की भी गहनता से जांच की जाएगी। यदि कोई भी पेट्रोल पंप संचालक इस काले कारोबार में संलिप्त पाया जाता है, तो उसके खिलाफ कठोर विधिक कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल पुलिस ने सभी आरोपियों के खिलाफ संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर आगे की जेल भेजने की प्रक्रिया शुरू कर दी है।