DDU जंक्शन पर DRM का औचक निरीक्षण, कोचों में पानी और प्लेटफॉर्म की सफाई देख अधिकारियों की लगायी क्लास
पंडित दीनदयाल उपाध्याय जंक्शन पर मंडल रेल प्रबंधक उदय सिंह मीना ने औचक निरीक्षण कर व्यवस्थाओं को परखा। डीआरएम ने विशेष रूप से ट्रेनों में पानी की उपलब्धता और स्टेशन परिसर की स्वच्छता सुनिश्चित करने के सख्त निर्देश दिए हैं।
मंडल रेल प्रबंधक का डीडीयू जंक्शन पर औचक निरीक्षण
ट्रेन के कोचों में जलापूर्ति व्यवस्था की समीक्षा
प्लेटफॉर्म और सर्कुलेटिंग एरिया में सफाई पर जोर
समयबद्ध कार्य निष्पादन के लिए अधिकारियों को निर्देश
स्टेशन पार्क के बेहतर रखरखाव का दिया आदेश
चंदौली जिले में पूर्व मध्य रेल के पंडित दीनदयाल उपाध्याय (डीडीयू) मंडल में यात्रियों को बेहतर और सुरक्षित सुविधाएं प्रदान करने के संकल्प के साथ मंडल रेल प्रबंधक (डीआरएम) श्री उदय सिंह मीना ने सक्रियता दिखाई है। मंगलवार, 05 मई 2026 को प्रातः डीआरएम ने डीडीयू जंक्शन का औचक निरीक्षण किया, जिससे रेल अधिकारियों और कर्मचारियों में हड़कंप मच गया।
कोचों में जलापूर्ति की बारीकी से जांच
निरीक्षण के मुख्य केंद्र में ट्रेनों के भीतर यात्रियों के लिए पानी की उपलब्धता रही। मंडल रेल प्रबंधक ने स्टेशन पर रुकी ट्रेन संख्या 12260, 12988 एवं 04064 के कोचों में जलापूर्ति व्यवस्था का प्रत्यक्ष जायजा लिया। उन्होंने वाटरिंग की गुणवत्ता और इस कार्य को निर्धारित समय में पूरा करने की प्रक्रिया की समीक्षा की। डीआरएम ने स्पष्ट निर्देश दिए कि किसी भी कोच में पानी की किल्लत नहीं होनी चाहिए और सभी मानक समयबद्ध तरीके से पूरे किए जाएं।
साफ-सफाई और स्टेशन परिसर का जायजा
स्टेशन परिसर की स्वच्छता पर ध्यान केंद्रित करते हुए डीआरएम ने प्लेटफॉर्मों पर कूड़ा निष्पादन और हाउसकीपिंग व्यवस्था को देखा। उन्होंने सर्कुलेटिंग एरिया का भी भ्रमण किया, जहाँ उन्होंने वाहनों के आवागमन और यात्रियों की सुगम आवाजाही के लिए सुव्यवस्थित व्यवस्था सुनिश्चित करने को कहा। इसके अतिरिक्त, स्टेशन परिसर में स्थित पार्क की नियमित देखरेख और उत्तम रखरखाव के लिए संबंधित विभाग को निर्देशित किया।
अधिकारियों को दिए सख्त निर्देश
मंडल रेल प्रबंधक ने निरीक्षण के अंत में अधिकारियों के साथ समीक्षा बैठक की। उन्होंने कहा कि यात्री सुविधा रेलवे की सर्वोच्च प्राथमिकता है। स्वच्छता, जलापूर्ति और स्टेशन प्रबंधन से जुड़े कार्यों की सतत निगरानी की जानी चाहिए। उन्होंने चेतावनी दी कि कार्यों में किसी भी प्रकार की शिथिलता बर्दाश्त नहीं की जाएगी और यात्रियों को मानक के अनुरूप सुविधाएं प्रदान करना अनिवार्य है।