'एक पेड़ माँ के नाम': डीडीयू रेल मंडल में गूंजा पर्यावरण का नारा, 600 पौधे लगाकर बच्चों ने लिया संरक्षण का संकल्प
चंदौली के पंडित दीनदयाल उपाध्याय नगर में रेलवे द्वारा 'एक पेड़ माँ के नाम' अभियान के तहत मेगा वृक्षारोपण किया गया। इस दौरान 600 पौधे लगाए गए और 603 बच्चों ने पर्यावरण बचाने की अनूठी कसम खाई।
एक साथ रोपे गए 600 पौधे
603 विद्यार्थियों ने लिया बड़ा संकल्प
रेलवे इंटर कॉलेज में लगी पेंटिंग प्रतियोगिता
पर्यावरण और मातृत्व के रिश्ते पर जोर
चंदौली जिले के पंडित दीनदयाल उपाध्याय (DDU) नगर में पर्यावरण को हरा-भरा बनाने और लोगों को जागरूक करने के लिए एक बेहद शानदार कार्यक्रम का आयोजन किया गया। विश्व पर्यावरण दिवस के मौके पर पूर्व मध्य रेल महिला कल्याण संगठन ने कमान संभाली और बुधवार को पूर्व मध्य रेल इंटर कॉलेज के परिसर में 'एक पेड़ माँ के नाम' अभियान के तहत एक मेगा वृक्षारोपण कार्यक्रम आयोजित किया।
इस बेहतरीन अभियान के तहत स्कूल परिसर में एक साथ 600 पौधों का रोपण किया गया। इस कार्यक्रम में मंडल रेल प्रबंधक (डीआरएम) उदय सिंह मीना और पूर्व मध्य रेल महिला कल्याण संगठन की अध्यक्षा चित्रा सिंह मुख्य रूप से शामिल हुए। उनके साथ अपर मंडल रेल प्रबंधक कुलदीप, स्कूल के प्रिंसिपल, शिक्षक और भारी संख्या में छात्र-छात्राओं ने मिलकर पौधे लगाए।
सिर्फ पौधा लगाना काफी नहीं, देखभाल भी है जरूरी: चित्रा सिंह
कार्यक्रम के दौरान संगठन की अध्यक्षा चित्रा सिंह ने बच्चों को संबोधित करते हुए एक बहुत प्यारी बात कही। उन्होंने कहा कि हमारा मकसद सिर्फ जमीन में पौधा गाड़ देना नहीं है। असली बात तो तब है जब बच्चों के दिलों में प्रकृति के लिए प्यार जागे। हर बच्चे को इन पौधों की नियमित देखभाल करनी चाहिए और पर्यावरण को बचाने की जिम्मेदारी खुद उठानी चाहिए।
वहीं मंडल रेल प्रबंधक उदय सिंह मीना ने भी छात्रों का हौसला बढ़ाया। उन्होंने सभी छात्र-छात्राओं से अपील की कि वे मोबाइल की दुनिया से बाहर निकलकर थोड़ा समय प्रकृति और पेड़-पौधों के बीच बिताएं। उन्होंने हर एक छात्र से कम से कम एक पौधा लगाने और उसे एक गार्जियन की तरह पालने का संकल्प लेने को कहा।
603 बच्चों ने पेंटिंग के जरिए दिखाया माँ और प्रकृति का अनोखा रिश्ता
इस वृक्षारोपण से पहले, 29 जून को पूर्व मध्य रेलवे इंटर कॉलेज में बच्चों के लिए एक बेहद खूबसूरत चित्रकला और पेंटिंग प्रतियोगिता भी रखी गई थी। इस प्रतियोगिता में कक्षा 1 से लेकर 12वीं तक के कुल 603 छात्र-छात्राओं ने पूरे उत्साह के साथ हिस्सा लिया था।
इन नन्हे-मुन्ने बच्चों ने अपनी कूची और रंगों के जादू से कागज पर पेड़ों की अहमियत को उकेरा। बच्चों ने अपनी पेंटिंग्स के जरिए यह दिखाया कि जैसे एक माँ अपने बच्चे को पालती है, वैसे ही प्रकृति भी हमारा ध्यान रखती है। पूर्व मध्य रेल महिला कल्याण संगठन ने कहा है कि आने वाले समय में भी वे ऐसे शानदार कार्यक्रम करते रहेंगे ताकि हमारी धरती हरी-भरी और स्वच्छ बनी रहे।