DDU नगर पालिका बोर्ड ने पास किया 81 करोड़ का बजट, नामांतरण फाइलों पर मचा बवाल
PDDU नगर पालिका बोर्ड की बैठक में वित्तीय वर्ष 2026-27 के लिए 81 करोड़ का बजट पारित हुआ। हालांकि, बैठक के दौरान 800 से अधिक लंबित नामांतरण फाइलों और टैक्स विभाग की सुस्त कार्यप्रणाली पर पार्षदों ने कड़ा विरोध जताया।
PDDU नगर पालिका का बजट 2026-27
800 लंबित म्यूटेशन फाइलों को लेकर विरोध प्रदर्शन
नगर पालिका बोर्ड की बैठक में तीखी बहस
कर विभाग में प्रशासनिक विलंब
81 करोड़ का नगर पालिका विकास बजट
DDU नगर पालिका बोर्ड ने पास किया 81 करोड़ का बजट, नामांतरण फाइलों के मुद्दे पर गरमाया माहौल
चंदौली जिले की मुगलसराय की DDU नगर पालिका के कार्यालय स्थित सभागार में गुरुवार को आयोजित बोर्ड की बैठक विकास कार्यों और प्रशासनिक विवादों के बीच संपन्न हुई। नगर पालिका अध्यक्ष सोनू किन्नर की अध्यक्षता में आयोजित इस बैठक में मुख्य एजेंडा वित्तीय वर्ष 2026-27 के बजट को मंजूरी देना था। पार्षदों ने चर्चा के बाद 81.30 करोड़ रुपये का बजट सर्वसम्मति से पारित कर दिया, जिसमें शहर के प्रकाश, निर्माण और साफ-सफाई जैसी बुनियादी सुविधाओं पर विशेष ध्यान देने की बात कही गई है।
नामांतरण फाइलों पर पार्षदों का कड़ा विरोध
बजट पास होने की औपचारिकता पूरी होते ही बैठक का माहौल बदल गया। सभासदों ने टैक्स विभाग में नामांतरण (Mutation) के लिए अटकी 800 से अधिक फाइलों को लेकर नगर पालिका प्रशासन पर कड़े सवाल खड़े किए। पार्षदों का आरोप है कि नामांतरण की प्रक्रिया अत्यंत सुस्त है, जिसके कारण आम नागरिकों को बार-बार पालिका के चक्कर काटने पड़ रहे हैं। विरोध करने वाले पार्षदों में सुनील विश्वकर्मा, शैलेंद्र गुप्ता, वकार जाहिद, राजेश जायसवाल और पारस यादव प्रमुख रहे।
नई प्रक्रिया बनी परेशानी का सबब
बैठक में पार्षदों ने पुराने भवनों के नामांतरण के लिए लेखपाल से मांगी जाने वाली रिपोर्ट पर गंभीर आपत्ति जताई। पार्षदों ने कहा कि जो परिवार पुश्तैनी मकानों में रह रहे हैं, उनके वारिसों का नाम चढ़ाने की प्रक्रिया में नई परिपाटी लागू कर दी गई है। लेखपाल की रिपोर्ट अनिवार्य करने के कारण नामांतरण फाइलों की प्रक्रिया में बेवजह देरी हो रही है, जिससे जनता परेशान है। इस देरी से नगर पालिका के राजस्व को भी नुकसान हो रहा है, क्योंकि संपत्ति कर (Property Tax) समय पर अपडेट नहीं हो पा रहे हैं।
बजट और वित्तीय स्थिति का लेखा-जोखा
बैठक के दौरान नगर पालिका के राजस्व निरीक्षक मुमताज ने पिछले वित्तीय वर्ष 2025-26 का लेखा-जोखा प्रस्तुत किया। पिछले वर्ष अनुमानित आय का लक्ष्य 85 करोड़ 40 लाख 8 हजार रुपये था, जिसके सापेक्ष 45 करोड़ 68 लाख 78 हजार 437 रुपये की आय प्राप्त हुई। वहीं, विकास कार्यों पर 40 करोड़ 99 लाख 93 हजार 475 रुपये खर्च किए गए।
बैठक में आरती यादव, मुर्शिला बेगम, रत्ना गुप्ता, वंश नारायण चौहान, रमेश चौहान, अमित खरवार और महेंद्र पटेल सहित अन्य सभासद मौजूद रहे। ईओ राजीव मोहन सक्सेना द्वारा संचालित इस बैठक में प्रशासन ने आश्वासन दिया है कि नामांतरण फाइलों के निस्तारण में तेजी लाने के लिए प्रक्रिया को सरल बनाने पर विचार किया जाएगा। अब देखना यह है कि प्रशासन पार्षदों की शिकायतों का निराकरण कब तक करता है।