ऐसे चल रहा है DDU रेल मंडल में स्वच्छता पखवाड़ा 2025,  अमृत संवाद से जाना यात्रियों का हाल
 

संवाद सत्रों में यात्रियों ने सक्रिय रूप से भाग लिया और स्टेशन परिसर, कोच स्वच्छता, शौचालयों की स्थिति और सफाई व्यवस्था पर अपने विचार खुलकर साझा किए।
 

डीडीयू मंडल में 'स्वच्छ परिसर दिवस' का आयोजन

यात्री संवाद से हो रहा है यात्री सेवाओं में सुधार

रेलवे और यात्रियों के बीच एक मजबूत संबंध बनाने की पहल

चंदौली जिले के डीडीयू  (पंडित दीनदयाल उपाध्याय) मंडल में स्वच्छता पखवाड़ा 2025 के तहत बुधवार को "स्वच्छ परिसर दिवस" का आयोजन किया गया। इस विशेष अभियान में मंडल के रेलवे स्टेशनों, प्रतीक्षालयों, विश्राम गृहों, रिटायरिंग रूम और कार्यालय परिसरों में गहन सफाई की गई। स्वच्छता के प्रति प्रतिबद्धता दिखाते हुए, कर्मचारियों ने परिसरों से जमा कचरे को हटाया और हरियाली बढ़ाने के लिए भी प्रयास किए।

सफाई अभियान के साथ ही जागरूकता पर भी विशेष ध्यान दिया गया। कर्मचारियों और यात्रियों को गीले और सूखे कचरे के पृथक्करण के महत्व के बारे में जानकारी दी गई। उन्हें बायो-टॉयलेट और डस्टबिन के समुचित प्रयोग के तरीके बताए गए, ताकि रेलवे परिसर को स्वच्छ बनाए रखने में सभी का सहयोग मिल सके। मंडल ने स्पष्ट किया कि सफाई केवल कचरा हटाने तक सीमित नहीं है, बल्कि इसमें सौंदर्यीकरण और अपशिष्ट प्रबंधन को भी प्राथमिकता दी जा रही है।

अमृत संवाद से जाना यात्रियों का हाल
सफाई गतिविधियों के साथ-साथ डीडीयू मंडल के विभिन्न स्टेशनों पर एक महत्वपूर्ण पहल "अमृत संवाद" कार्यक्रम भी आयोजित किया गया। इस संवाद सत्र का मुख्य उद्देश्य यात्रियों से सीधी बातचीत स्थापित करना था ताकि उनकी यात्रा संबंधी अनुभव, सुझाव और सेवा सुधार की अपेक्षाओं को समझा जा सके।

संवाद सत्रों में यात्रियों ने सक्रिय रूप से भाग लिया और स्टेशन परिसर, कोच स्वच्छता, शौचालयों की स्थिति और सफाई व्यवस्था पर अपने विचार खुलकर साझा किए। यह पहल यात्रियों की अपेक्षाओं को जानने और उसके अनुरूप सेवाओं में सुधार करने के लिए मंडल की प्रतिबद्धता को दर्शाती है। मंडल के अधिकारियों ने यात्रियों को स्वच्छता पखवाड़ा की मौजूदा गतिविधियों की जानकारी दी और उनसे व्यवहारगत सहयोग बनाए रखने की अपील भी की। मंडल ने स्पष्ट किया है कि स्वच्छता पखवाड़ा के तहत आगामी दिनों में भी विभिन्न कार्यक्रमों को सक्रिय रूप से जारी रखा जाएगा, जिससे रेलवे परिसरों को साफ और यात्रियों के अनुकूल बनाया जा सके। यह पहल रेलवे और यात्रियों के बीच एक मजबूत संबंध बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।