पशु तस्करों के काल बने सिपाही मोहम्मद गुफरान, गणतंत्र दिवस पर डीजीपी के 'सिल्वर मेडल' से सम्मानित
चंदौली पुलिस के सिपाही मोहम्मद गुफरान को पशु तस्करी के खिलाफ साहसिक कार्रवाई के लिए डीजीपी का सिल्वर मेडल मिला है। एडीजी पीयूष मोर्डिया ने गणतंत्र दिवस पर उन्हें प्रशंसा चिन्ह देकर सम्मानित किया, जिससे जिले का मान बढ़ा है।
सिपाही मोहम्मद गुफरान को मिला सिल्वर मेडल
पशु तस्करी रोकने में किया सराहनीय कार्य
एडीजी पीयूष मोर्डिया ने किया सम्मानित
अलीनगर और नौगढ़ थाने में रही तैनाती
2020 बैच के सिपाही ने पेश की मिसाल
चंदौली जनपद की पुलिस का गौरव बढ़ाते हुए 2020 बैच के कांस्टेबल मोहम्मद गुफरान को उनकी विशिष्ट सेवाओं के लिए डीजीपी राजीव कृष्ण का सिल्वर मेडल (प्रशंसा चिन्ह) प्रदान किया गया है। गणतंत्र दिवस के पावन अवसर पर वाराणसी जोन के एडीजी पीयूष मोर्डिया ने उन्हें इस प्रतिष्ठित पदक से नवाजा। मोहम्मद गुफरान की यह उपलब्धि उनके कर्तव्य के प्रति अटूट निष्ठा और पशु तस्करी जैसे गंभीर अपराधों पर प्रभावी अंकुश लगाने का परिणाम है।
तीन वर्षों की सेवा में पशु तस्करी पर प्रहार
मोहम्मद गुफरान की पहली पोस्टिंग जनपद चंदौली में हुई थी। उन्होंने लगभग तीन वर्षों तक अलीनगर थाने में अपनी सेवाएं दीं, जहाँ उनकी कार्यशैली ने सबको प्रभावित किया। इसके पश्चात उनका स्थानांतरण नक्सल प्रभावित क्षेत्र नौगढ़ थाने में कर दिया गया। बीते डेढ़ वर्ष से वे नौगढ़ में तैनात हैं और इस दौरान उन्होंने पशु तस्करों के सिंडिकेट को ध्वस्त करने में सबसे महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है।
एडीजी ने सराहा कर्तव्यबोध
नौगढ़ थाने में तैनात इस जांबाज सिपाही ने अपने कार्यकाल के दौरान रिकॉर्ड संख्या में पशु तस्करों के खिलाफ कार्रवाई की। उनकी इसी सक्रियता को देखते हुए पुलिस महानिदेशक द्वारा प्रशंसा चिन्ह हेतु उनका चयन किया गया। गणतंत्र दिवस समारोह के दौरान एडीजी जोन वाराणसी ने सिपाही के जज्बे को सलाम किया और मेडल प्रदान कर उन्हें भविष्य में भी इसी ऊर्जा के साथ कार्य करने हेतु प्रेरित किया। इस सम्मान से पूरे महकमे में हर्ष की लहर है।