चकरघट्टा इलाके में सरकारी आदेशों को ठेंगा, मुख्य मार्ग की जमीन पर कब्जा, जानिए कब चलेगा प्रशासन का बुलडोजर?

 

चंदौली जिले के नौगढ़ तहसील अंतर्गत टिकुरिया गांव में मुख्य मार्ग की सरकारी जमीन पर सीमांकन के बावजूद अवैध निर्माण का मामला सामने आया है। लेखपाल की तहरीर पर एफआईआर दर्ज हो गई है, लेकिन अब लोगों को बुलडोजर कार्रवाई का इंतजार है।

 
 

टिकुरिया गांव में सरकारी जमीन पर अवैध कब्जा

राजस्व टीम के सीमांकन के बाद भी निर्माण जारी

लेखपाल शादाब खान की तहरीर पर एफआईआर दर्ज

बीएनएस और सार्वजनिक संपत्ति नुकसान निवारण अधिनियम में केस

ग्रामीणों को अब प्रशासन के बुलडोजर का इंतजार

उत्तर प्रदेश के चंदौली जिले की नौगढ़ तहसील से कानून को ठेंगा दिखाने का मामला सामने आया है। यहां चकरघट्टा थाना क्षेत्र के टिकुरिया गांव में सरकारी जमीन की सीमांकन और निशानदेही के बाद भी अवैध कब्जा और निर्माण कार्य धड़ल्ले से कराया जा रहा है। राजस्व विभाग की टीम की चेतावनी को नजरअंदाज कर निर्माण जारी रखने पर अब पुलिस ने कड़ा रुख अपनाया है। हलका लेखपाल की तहरीर पर चकरघट्टा थाने में संबंधित व्यक्ति के खिलाफ एफआईआर (FIR) दर्ज कर ली गई है।

21 मई को हुआ था सीमांकन, दी गई थी सख्त हिदायत
मामले की जानकारी देते हुए हलका लेखपाल शादाब खान ने बताया कि टिकुरिया गांव की खतौनी संख्या 178 में दर्ज 0.148 हेक्टेयर जमीन सरकारी अभिलेखों में मुख्य मार्ग के नाम से दर्ज है। इस कीमती सरकारी भूमि को अतिक्रमण से बचाने के लिए बीते 21 मई को पुलिस बल की मौजूदगी में बाकायदा सीमांकन कर निशानदेही कराई गई थी।

सीमांकन की कार्रवाई के दौरान ही गांव के निवासी सुरेश (पुत्र चौक) द्वारा उस सरकारी जमीन पर मकान बनाने की बात सामने आई थी। मौके पर मौजूद राजस्व और पुलिस की संयुक्त टीम ने तुरंत काम रुकवा दिया था और आरोपी को राजस्व संहिता की धारा 67(1) के तहत सख्त कानूनी कार्रवाई की चेतावनी दी थी।

टीम के लौटते ही फिर शुरू हुआ अवैध काम
प्रशासनिक चेतावनी का असर दबंगों पर ज्यादा देर नहीं टिका। आरोप है कि जैसे ही राजस्व और पुलिस की टीम मौके से वापस लौटी, आरोपी ने फिर से निर्माण कार्य शुरू करवा दिया। सरकारी आदेशों की इस तरह खुलेआम अवहेलना करने से स्थानीय लोगों और प्रशासन में हड़कंप मच गया। सरकारी जमीन पर लगातार हो रहे इस अतिक्रमण को गंभीरता से लेते हुए लेखपाल शादाब खान ने चकरघट्टा थाने में लिखित शिकायत दर्ज कराई।

 कागजी कार्रवाई के बाद बुलडोजर का इंतजार
लेखपाल की तहरीर के आधार पर चकरघट्टा थाना पुलिस ने आरोपी के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 223, 346 और सार्वजनिक संपत्ति नुकसान निवारण अधिनियम 1984 की धारा 3 व 5 के तहत मुकदमा दर्ज कर लिया है। पुलिस अब सीमांकन रिपोर्ट और राजस्व अभिलेखों की गहन जांच कर रही है।

मुकदमा दर्ज होने के बाद अब स्थानीय ग्रामीणों की निगाहें प्रशासन के अगले कदम पर टिकी हैं। टिकुरिया गांव के लोगों का कहना है कि सिर्फ कागजों पर एफआईआर दर्ज होना काफी नहीं है। अब देखना यह है कि प्रशासन मौके पर बुलडोजर चलाकर इस सरकारी जमीन को कब तक पूरी तरह से कब्जामुक्त करवाता है।