नौगढ़ से 'हरियाली क्रांति' का शंखनाद: सांसद और डीएम ने दिखाई हरी झंडी, 40 करोड़ पौधरोपण अभियान शुरू

चंदौली के नौगढ़ में 40 करोड़ पौधरोपण महाअभियान 'एक पेड़ मां के नाम' की शानदार शुरुआत हुई। सांसद और डीएम ने तीन जागरूकता वाहनों को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया, जो गांव-गांव जाकर हरियाली का संदेश फैलाएंगे।

 

नौगढ़ तहसील से महाअभियान की शुरुआत

सांसद और डीएम ने रवाना किए वाहन

एक पेड़ मां के नाम का संदेश

पौधों को वृक्ष बनाने पर मुख्य फोकस

 उत्तर प्रदेश सरकार के पूरे सूबे में चलाए जा रहे 40 करोड़ पौधरोपण महाअभियान “एक पेड़ मां के नाम” की शनिवार को चंदौली जिले के नौगढ़ तहसील परिसर से बेहद धमाकेदार शुरुआत की गई। इस पहल के साथ ही पर्यावरण को बचाने और जिले को हरा-भरा बनाने की दिशा में वन विभाग ने अपनी सबसे बड़ी और प्रभावी जमीनी रणनीति लागू कर दी है। इस खास मौके पर सोनभद्र के सांसद कुंवर छोटेलाल खरवार और चंदौली के जिलाधिकारी चंद्र मोहन गर्ग ने एक साथ पौधों से सजे हुए तीन विशेष जागरूकता वाहनों को हरी झंडी दिखाकर रवा

ना किया।

गांव-गांव पहुंचेगा संदेश, जागरूकता वैन बनेगी बदलाव का माध्यम
प्रशासन द्वारा रवाना की गई यह तीनों जागरूकता गाड़ियां चकिया और नौगढ़ वन क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले हर छोटे-बड़े गांव और मजरों में जाएंगी। इन वाहनों का मुख्य मकसद ग्रामीण इलाकों में रहने वाले आम लोगों को ज्यादा से ज्यादा पौधे लगाने के लिए प्रेरित करना है। इसके साथ ही यह गाड़ियां हर नागरिक तक पर्यावरण को बचाने और जंगलों को सुरक्षित रखने का जरूरी संदेश भी पहुंचाएंगी, ताकि लोग इस अभियान का महत्व समझ सकें और खुद आगे आकर इसमें अपनी हिस्सेदारी तय करें।

वन विभाग का नया मॉडल, सिर्फ पौधरोपण नहीं, जनभागीदारी का पूरा नेटवर्क तैयार
वन विभाग ने इस बार इस अभियान को सिर्फ एक सरकारी औपचारिकता या फोटो खिंचवाने तक सीमित नहीं रखा है। विभाग ने इसे एक बड़ा जन-आंदोलन और लोगों की सोच बदलने वाले मिशन के रूप में तैयार किया है। प्रभागीय वनाधिकारी (डीएफओ) बी. शिवशंकर ने बताया कि “एक पेड़ मां के नाम” अभियान प्रकृति और मां के प्रति हमारे आदर और भावनाओं से जुड़ा हुआ है। यह अभियान लोगों को एक जिम्मेदारी का अहसास कराता है। उन्होंने साफ कहा कि आज लगाए जाने वाले पेड़ ही हमारे बच्चों के सुरक्षित कल की नींव हैं। इस बार विभाग का जोर सिर्फ गड्ढे खोदकर पौधा लगाने पर नहीं, बल्कि जब तक वह एक बड़ा पेड़ न बन जाए, तब तक उसकी पूरी सुरक्षा और देखभाल करने पर है।

पहली बार नौगढ़ में शुरू हुआ इस स्तर का सघन प्रचार-प्रसार
वन क्षेत्राधिकारी जयमोहनी अमित श्रीवास्तव ने बताया कि डीएफओ के मार्गदर्शन में नौगढ़ के इस पिछड़े और वनांचल क्षेत्र में पहली बार इतने बड़े और सघन स्तर पर प्रचार अभियान की रूपरेखा तैयार की गई है। जागरूकता वाहन सीधे जनता के बीच जाएंगे और उन्हें पर्यावरण के संतुलन को बनाए रखने की अहमियत समझाएंगे। यह मॉडल आने वाले समय में पर्यावरण संरक्षण को केवल एक सरकारी योजना नहीं, बल्कि आम जनता का अपना खुद का आंदोलन बनाने में सबसे महत्वपूर्ण भूमिका निभाने जा रहा है।

वन विभाग की सक्रियता से मजबूत हुआ दीर्घकालिक हरित मिशन
नौगढ़ तहसील परिसर में आयोजित इस पूरे कार्यक्रम के दौरान वन विभाग की मुस्तैदी, सक्रिय भूमिका और जिला प्रशासन के साथ उनका गजब का तालमेल साफ तौर पर देखने को मिला। आयोजन को देखकर यह साफ हो गया कि यह पहल महज एक दिन की शुरुआत नहीं है, बल्कि यह वन विभाग का एक बहुत बड़ा और लंबे समय तक चलने वाला 'हरित मिशन' है, जिसकी मजबूत नींव आज रख दी गई है। इस बेहद महत्वपूर्ण कार्यक्रम के दौरान उप प्रभागीय वनाधिकारी वरुण प्रताप सिंह, वन क्षेत्राधिकारी नौगढ़ संजय कुमार श्रीवास्तव सहित वन विभाग के तमाम अधिकारी और कर्मचारी पूरी मुस्तैदी के साथ मौके पर मौजूद रहे।