नौगढ़ बाजार के बीच 'टिक-टिक' करता टाइम बम! SDM का आदेश बेअसर, फिर आग उगलने लगा ट्रांसफार्मर
नौगढ़ कस्बा बाजार में 24 जून को एक व्यवसायी की जान लेने वाला 400 केवीए का ट्रांसफार्मर बुधवार रात फिर आग की लपटों में घिर गया। एसडीएम के आदेश के बाद भी सुरक्षा इंतजाम न होने से लोगों में भारी गुस्सा है।
बाजार के बीच बना चर्चा बना है 'टाइम बम'
बुधवार रात फिर लगी भीषण आग
एसडीएम का सुरक्षा आदेश रहा बेअसर
व्यवसायी मंगल सिंह की गई थी जान
टेंडर होने का दावा कर रहा विभाग
चंदौली जिले के नौगढ़ कस्बा बाजार के बीच खड़ा 400 केवीए का ट्रांसफार्मर अब लोगों के लिए बिजली आपूर्ति का साधन नहीं, बल्कि उनकी जिंदगी पर मंडराता हुआ 'टाइम बम' बन चुका है। बुधवार की रात करीब आठ बजे इस ट्रांसफार्मर में अचानक तेज स्पार्किंग शुरू हुई और देखते ही देखते इससे जुड़ी केबिलों में चार से पांच फीट ऊंची आग की लपटें उठने लगीं। घनी आबादी और पास में दुकानें होने के कारण पूरे बाजार में भगदड़ मच गई।
बाजार के बीच बना चर्चा बना है 'टाइम बम'
— Chandauli Samachar (@chandaulinews) July 10, 2026
बुधवार रात फिर लगी भीषण आग
एसडीएम का सुरक्षा आदेश रहा बेअसर
व्यवसायी मंगल सिंह की गई थी जान@dmchandauli @cdochandauliup @mediacellsp @BJP4UP pic.twitter.com/h56SzZzxI4
बिजली कटने के बाद काबू में आई आग
आग की लपटें देखकर स्थानीय दुकानदारों और ग्रामीणों ने हिम्मत दिखाई। लोगों ने मिट्टी फेंककर और बाल्टियों से पानी-मिट्टी डालकर आग बुझाने की कोशिश की, लेकिन आग लगातार बढ़ती गई। इसके बाद तुरंत विद्युत उपकेंद्र को फोन कर बिजली की सप्लाई बंद कराई गई, तब जाकर कहीं आग पर काबू पाया जा सका। करीब दो घंटे की मरम्मत के बाद बिजली तो आ गई, लेकिन लोगों के दिलों में डर बैठ गया है।
24 जून को इसी जगह गई थी एक जान
आपको बता दें कि यही वह खतरनाक ट्रांसफार्मर है, जिसके सुरक्षा जाल में करंट उतरने से बीते 24 जून को हार्डवेयर व्यवसायी मंगल सिंह केसरी की दर्दनाक मौत हो गई थी। उस वक्त भड़के व्यापारियों को शांत कराने के लिए एसडीएम विनय मिश्रा खुद मौके पर पहुंचे थे। उन्होंने बिजली विभाग के अवर अभियंता को सख्त निर्देश दिए थे कि ट्रांसफार्मर के चारों तरफ 10 फीट की दूरी तक प्लास्टिक बैरिकेडिंग की जाए और चेतावनी बोर्ड लगाया जाए।
आदेश हवा में, टेंडर के भरोसे विभाग
हैरानी की बात यह है कि एसडीएम के निर्देश के कई दिन बीत जाने के बाद भी जमीन पर कोई काम नहीं हुआ। मृतक मंगल सिंह के परिजनों का कहना है कि ट्रांसफार्मर उनके घर से सटा है और रातभर बच्चे डर के साए में जीते हैं। इस मामले पर बिजली विभाग के अवर अभियंता राजेश कुमार का कहना है कि ट्रांसफार्मर ठीक कर दिया गया है। बैरिकेडिंग के सामान का टेंडर हो चुका है और दो-तीन दिन में इसे लगवा दिया जाएगा। लेकिन जनता पूछ रही है कि आखिर विभाग को और कितने बड़े हादसे का इंतजार है?