नौगढ़ में तड़पता रहा सांप का डसा किसान, बेटा 2 घंटे गिड़गिड़ाता रहा पर नहीं पहुंची 108 एंबुलेंस
चंदौली के नौगढ़ में जहरीले सांप के काटने के बाद किसान 2 घंटे खेत में तड़पता रहा। बेटा एंबुलेंस के लिए फोन मिलाता रहा पर कोई मदद नहीं मिली। आखिरकार पिकअप से सीएचसी पहुंचाकर किसान की जान बचाई गई।
खेत में घास काटते समय किसान को जहरीले सांप ने काटा
बेटा 2 घंटे तक 108 एंबुलेंस को लगातार लगाता रहा फोन
एंबुलेंस न आने पर निजी पिकअप से पहुंचाया गया अस्पताल
सीएचसी नौगढ़ में एंटी स्नेक वेनम से बची किसान की जान
वनवासी इलाके में एंबुलेंस सेवा की खुली भयानक पोल
चंदौली जिले की नौगढ़ तहसील के ग्राम पंचायत जयमोंहनी (भूर्तिया गांव) से सरकारी दावों की पोल खोलने वाली तस्वीर सामने आई है। यहां खेत में काम करते समय एक किसान को जहरीले सांप ने काट लिया। इसके बाद किसान करीब 2 घंटे तक खेत में तड़पता रहा और उसका बेटा मोबाइल हाथ में लिए एंबुलेंस के लिए गिड़गिड़ाता रहा, लेकिन आपातकालीन 108 एंबुलेंस सेवा मौके पर नहीं पहुंची।
घास काटते समय जहरीले सांप ने पैर में डसा
जयमोंहनी भूर्तिया गांव के रहने वाले किसान मुन्नीलाल दोपहर करीब 12 बजे अपने खेत में घास काट रहे थे। इसी दौरान झाड़ियों में छिपे एक जहरीले सांप ने उनके पैर में डस लिया। सांप के काटने के कुछ ही देर बाद मुन्नीलाल को तेज चक्कर आने लगा और वे खेत में ही बेसुध होकर गिर पड़े। उनके साथ काम कर रहे साथी मजदूरों ने तुरंत भागकर इस घटना की जानकारी उनके बेटे अशोक को दी।
2 घंटे तक फोन लगाता रहा बेटा
पिता की हालत देख बेटे अशोक ने फौरन 108 एंबुलेंस सेवा को फोन मिलाया। पहली बार में कंट्रोल रूम से कहा गया कि गाड़ी 15 मिनट में पहुंच रही है। आधे घंटे बाद दोबारा फोन करने पर बताया गया कि गाड़ी रास्ते में है। इसके बाद जब बेटे ने तीसरी बार फोन किया तो कॉल ही रिसीव नहीं की गई। करीब दो घंटे तक बेटा गिड़गिड़ाता रहा, लेकिन एंबुलेंस नहीं आई और पिता खेत में बेहोश पड़े रहे।
निजी पिकअप से पहुंचे अस्पताल
मजबूर होकर अशोक ने ग्रामीणों की मदद से एक निजी पिकअप गाड़ी की व्यवस्था की और पिता को जैसे-तैसे सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) नौगढ़ पहुंचाया। सीएचसी में डॉक्टरों ने तुरंत आपातकालीन इलाज शुरू किया और किसान को 'एंटी स्नेक वेनम' की 5 डोज दीं। लगभग दो घंटे के इलाज के बाद किसान की जान बच सकी। सीएचसी अधीक्षक ने माना कि मरीज समय पर आ गया, इसलिए बड़ा हादसा टल गया।