सिंगरौल गांव के विकास कार्यों में अनियमितताओं की शुरू हो गयी जांच, जिलाधिकारी ने दिया था आदेश
जिला पिछड़ा वर्ग कल्याण अधिकारी रत्नेश सिंह कर रहे जांच
अवर अभियंता जिउतराम विश्वकर्मा भी रहे साथ
कार्यों की गुणवत्ता, प्रगति और तकनीकी खामियों की जांच
चंदौली जिले के शहाबगंज जिलाधिकारी के आदेश पर, विकास खंड क्षेत्र के सिंगरौल गांव में कराए गए विकास कार्यों की जांच सोमवार को शुरू हो गई। ग्रामीणों की ओर से लगातार शिकायतें मिल रही थीं कि गांव में बन रही सीसी रोड, सीवर लाइन, स्ट्रीट लाइट और नाली के निर्माण कार्यों में गंभीर अनियमितताएं बरती गई हैं। इन शिकायतों का संज्ञान लेते हुए जिलाधिकारी ने जांच के निर्देश दिए थे।
जांच के लिए जिला पिछड़ा वर्ग कल्याण अधिकारी रत्नेश सिंह और अवर अभियंता जिउतराम विश्वकर्मा की एक संयुक्त टीम गांव पहुंची। टीम ने मौके पर जाकर विभिन्न निर्माण कार्यों का बारीकी से निरीक्षण किया। इस दौरान टीम ने कार्यों की गुणवत्ता, प्रगति और तकनीकी खामियों की जांच की। उन्होंने उन हिस्सों को विशेष रूप से परखा जो निर्धारित मानकों के अनुरूप नहीं थे।
जांच अधिकारी रत्नेश सिंह ने बताया कि जांच प्रक्रिया अभी जारी है और पूरी रिपोर्ट तैयार करने में कुछ समय लगेगा। सभी बिंदुओं पर एक विस्तृत रिपोर्ट बनाकर जिलाधिकारी सहित अन्य उच्चाधिकारियों को भेजी जाएगी। इस रिपोर्ट के आधार पर ही आगे की कार्रवाई तय की जाएगी।
जांच के दौरान गांव के प्रधान शिव कुमार, पंचायत सचिव राजेंद्र भारती, तकनीकी सहायक लव कुमार और स्थानीय ग्रामीण भी मौजूद रहे। ग्रामीणों को उम्मीद है कि इस जांच से गांव में हो रहे विकास कार्यों में पारदर्शिता आएगी और दोषी पाए जाने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।