मनोज सिंह W की चेतावनी के बाद एक्शन में प्रशासन, गुरैनी पंप कैनाल पहुंचे CDO, कटान रोकने के लिए बनेगी नई DPR

 

चन्दौली के गुरैनी पंप कैनाल पर गंगा कटान और निर्माण में भ्रष्टाचार के आरोपों को लेकर किसानों का धरना जारी है। सपा नेता की चेतावनी के बाद हरकत में आए सीडीओ राल्लपल्ली जगत सांई ने मौके का निरीक्षण कर नई डीपीआर बनाने के निर्देश दिए हैं।  

 
 

सीडीओ ने किया गुरैनी कैनाल निरीक्षण 

 कटान रोकने को बनेगी नई डीपीआर  

साढ़े सात करोड़ के काम में धांधली  

गंगा तट पर किसानों का धरना जारी  

मानसून से पहले मरम्मत के सख्त निर्देश

चंदौली जिले के गुरैनी पंप कैनाल पर चल रहे निर्माण कार्य में भ्रष्टाचार के आरोपों और किसानों के बढ़ते आक्रोश के बाद जिला प्रशासन पूरी तरह एक्शन मोड में आ गया है। सपा नेता व पूर्व विधायक मनोज सिंह डब्लू द्वारा निर्माण कार्य में धांधली उजागर करने और आंदोलन की चेतावनी देने के बाद, चन्दौली के मुख्य विकास अधिकारी (CDO) राल्लपल्ली जगत सांई ने 9 जून 2026 को गुरैनी पंप कैनाल का औचक स्थलीय निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने गंगा नदी के तट पर हो रहे भीषण कटान का बारीकी से अवलोकन किया और स्थिति का जायजा लिया।  

साढ़े 7 करोड़ के प्रोजेक्ट में सफेद बालू का खेल

दरअसल, नदहा-गुरैनी पंप कैनाल पर अपनी जमीन बचाने के लिए किसानों का अनिश्चितकालीन धरना प्रदर्शन लगातार जारी है। आंदोलन को उग्र होता देख बीते सोमवार को सैयदराजा विधायक सुशील सिंह ने भी अधिकारियों के साथ गुरैनी पहुंचकर गंगा कटान और सिंचाई व्यवस्था की समीक्षा की थी। उन्होंने सरकार की मंशानुसार काम कराने का भरोसा दिया था, लेकिन किसान ठोस समाधान तक हटने को तैयार नहीं हैं। 

इसी बीच, सपा नेता मनोज सिंह ने मौके पर पहुंचकर साढ़े 7 करोड़ रुपये के इस प्रोजेक्ट में हो रहे भ्रष्टाचार की पोल खोल दी। उन्होंने दिखाया कि निर्माण कार्य में लाल बालू के बजाय नदी की सफेद बालू का धड़ल्ले से इस्तेमाल किया जा रहा है, जबकि लाल बालू का थोड़ा सा हिस्सा सिर्फ सैंपल के तौर पर रखा गया है। घटिया निर्माण के कारण कैनाल की दीवारों में काम पूरा होने से पहले ही बड़ी-बड़ी दरारें आ चुकी हैं और कई हिस्से टूटकर गिर रहे हैं।

  मानसून से पहले काम पूरा करने का अल्टीमेटम, कटान रोकने के लिए बनेगी नई डीपीआर

इस खुली धांधली और विरोध प्रदर्शन को देखते हुए सीडीओ राल्लपल्ली जगत सांई ने निरीक्षण के दौरान बंधी प्रखंड और लघु डाल विभाग के अधिशासी अभियंताओं को कड़ी फटकार लगाई। मौके पर मौजूद स्थानीय किसान मुन्ना सिंह और दीनानाथ श्रीवास्तव की मौजूदगी में सीडीओ ने संबंधित अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए कि आगामी मानसून की शुरुआत से पहले सभी आवश्यक सुरक्षात्मक और मरम्मत कार्य सर्वोच्च प्राथमिकता पर पूरे किए जाएं। 

इसके साथ ही उन्होंने अधिशासी अभियंता (बंधी प्रखंड) को गंगा तट के दीर्घकालिक संरक्षण और कटान-रोधी उपायों के लिए एक व्यापक व नई विस्तृत परियोजना प्रतिवेदन (डीपीआर) तैयार कर शासन को भेजने का निर्देश दिया, ताकि भविष्य में नदी के कटान से किसानों की जमीनों को बचाया जा सके।