चंदौली में फिर डराने लगीं गंगा: 4 सेंटीमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से देख पड़ाव और चहनिया समेत इन इलाकों में अलर्ट
चंदौली में गंगा का बढ़ता जलस्तर
पड़ाव और चहनिया बाढ़ का खतरा
गंगा नदी का ताजा जलस्तर रिपोर्ट
चंदौली प्रशासन की बाढ़ चौकियां सतर्क
तटीय इलाकों में बाढ़ का संकट
चंदौली जिले के तटीय इलाकों में रहने वाले लोगों की मुश्किलें एक बार फिर बढ़ गई हैं। पिछले कुछ दिनों से ठहराव के बाद अब गंगा के जलस्तर में काफी तेजी से बढ़ोतरी दर्ज की जा रही है। नदी का पानी लगातार ऊपर उठने की वजह से पड़ाव, चहनिया, धानापुर और महुंजी जैसे इलाकों में बाढ़ का खतरा मंडराने लगा है। प्रशासन और स्थानीय लोग इस स्थिति पर लगातार नजर बनाए हुए हैं।
हर घंटे बढ़ रहा है पानी
केंद्रीय जल आयोग (CWC) के आंकड़ों के मुताबिक, राजघाट वाराणसी गॉज साइट पर आज गंगा का जलस्तर 68.46 मीटर रिकॉर्ड किया गया है। नदी का पानी प्रति घंटे 4 सेंटीमीटर की रफ्तार से बढ़ रहा है, जिससे पिछले 12 घंटों में कुल 44 सेंटीमीटर की बढ़ोतरी दर्ज की गई है। हालांकि अभी पानी चेतावनी स्तर (70.262 मीटर) और खतरे के निशान (71.262 मीटर) से नीचे है, लेकिन इसकी तेज रफ्तार ने लोगों की चिंता बढ़ा दी है।
फसलों और रास्तों पर संकट
गंगा का जलस्तर बढ़ने से नदी के किनारे बसे गांवों में पानी का असर दिखने लगा है। कई जगहों पर जलस्तर बढ़ने के कारण कटाव भी तेज हो गया है, जिससे स्थानीय लोगों में डर का माहौल है। पानी बढ़ने से तटीय इलाकों के खेतों में खड़ी फसलों और आने-जाने वाले रास्तों पर भी संकट गहराने लगा है, जिससे किसानों को नुकसान की आशंका सता रही है।
प्रशासन की पूरी नजर और चौकसी
हालात की गंभीरता को देखते हुए जिला प्रशासन पूरी तरह अलर्ट मोड में आ गया है। प्रशासन की ओर से लगातार निगरानी रखी जा रही है ताकि किसी भी आपात स्थिति से तुरंत निपटा जा सके। तटीय इलाकों के लोगों से सतर्क रहने की अपील की गई है और अधिकारी लगातार स्थिति का जायजा ले रहे हैं ताकि समय रहते जरूरी कदम उठाए जा सकें।