चंदौली के गुरेहू में धान की सीधी बुवाई का लाइव प्रसारण, आईआरआरआई के वैज्ञानिकों ने किसानों को दिए खास टिप्स
चंदौली के धानापुर ब्लॉक के गुरेहू गांव में यूपी एग्रीज परियोजना के तहत धान की सीधी बुवाई का सजीव प्रसारण किया गया। इसमें आईआरआरआई के वैज्ञानिकों और विश्व बैंक के अधिकारियों ने किसानों को आधुनिक खेती के लाभ बताए।
धान की सीधी बुवाई लाइव प्रसारण
गुरेहू गांव में सफल आयोजन संपन्न
श्रम, समय और पानी की बचत
विश्व बैंक के शीर्ष अधिकारी शामिल
आईआरआरआई वाराणसी के कृषि वैज्ञानिक मौजूद
यूपी एग्रीज परियोजना में हो रही है धान की सीधी बुवाई, ऐसे खेती करने से किसानों को होगा फायदा, किसानों के श्रम, समय और पानी की होगी बड़ी बचत, जिले में डेमो देखने पहुंचे विश्व बैंक के अधिकारी
चंदौली जिले के धानापुर विकास खंड अंतर्गत ग्राम सभा गुरेहू में सोमवार, 1 जून 2026 को कृषि के आधुनिकीकरण को बढ़ावा देने के लिए एक विशेष कार्यक्रम का आयोजन किया गया। यूपी एग्रीज परियोजना के तहत आयोजित इस कार्यक्रम में धान की सीधी बुवाई तकनीक का लाइव प्रसारण किया गया। इस अनूठे और ज्ञानवर्धक सत्र को देखने तथा समझने के लिए गुरेहू गांव सहित आसपास के क्षेत्रों के बड़ी संख्या में प्रगतिशील किसान मुख्य रूप से उपस्थित रहे।
कृषि वैज्ञानिकों ने बताए फायदे, श्रम और पानी की होगी बचत
कार्यक्रम के दौरान अंतर्राष्ट्रीय चावल अनुसंधान संस्थान (IRRI) वाराणसी के प्रतिष्ठित कृषि वैज्ञानिकों ने किसानों को धान की सीधी बुवाई के विषय में मूलभूत एवं तकनीकी जानकारी प्रदान की। वैज्ञानिकों ने किसानों को समझाया कि पारंपरिक रूप से धान की रोपाई करने के बजाय इस आधुनिक सीधी बुवाई विधि को अपनाने से किसानों के श्रम, समय और पानी की भारी बचत होगी। इसके साथ ही कृषि लागत में भी उल्लेखनीय कमी आएगी।
विश्व बैंक के अधिकारियों और कृषि निदेशकों की रही गरिमामयी मौजूदगी
इस महत्वपूर्ण कार्यक्रम में विश्व बैंक के उच्चाधिकारी परमवीर, सुश्री याशिका मलिक और सुश्री आयशा विशेष रूप से शामिल हुए। वहीं, अंतर्राष्ट्रीय चावल अनुसंधान केंद्र से डॉ. सूर्यकांत, डॉ. विक्रम पाटील, डॉ. विवेक, डॉ. विकास और डॉ. सुनील ने अपनी तकनीकी विशेषज्ञता साझा की। इसके साथ ही, कृषि विभाग से वाराणसी मंडल के संयुक्त कृषि निदेशक श्री शैलेंद्र कुमार और चंदौली के उप कृषि निदेशक श्री भीमसेन भी पूरी टीम के साथ मौके पर मौजूद रहे।