जुमे की नमाज के दौरान मुसलमानों ने बांधी काली पट्टी, इसलिए विरोध जता रहे हैं धानापुर इलाके के मुसलमान
 

अगर यह बिल पास हो गया तो सैकड़ों धार्मिक स्थल और चैरिटी संस्थाएं मुस्लिम समाज के नियंत्रण से बाहर हो जाएंगी। इसलिए हर मुसलमान का कर्तव्य है कि वह इस बिल का विरोध करे।
 
Muslims wear black bands

रमजान के आखिरी जुमे पर विरोध प्रदर्शन

मुस्लिम समाज ने किया प्रतीकात्मक विरोध प्रदर्शन

काली पट्टी बांधकर अदा जुमे की नमाज

ऑल इंडिया मुस्लिम पर्सनल लॉ बोर्ड के आह्वान पर किया विरोध प्रदर्शन

चंदौली जिले में ऑल इंडिया मुस्लिम पर्सनल लॉ बोर्ड के आह्वान पर रमजान के आखिरी जुमे पर मुस्लिम समाज ने प्रतीकात्मक विरोध प्रदर्शन किया। चंदौली के धानापुर कस्बा स्थित मस्जिद में नमाजियों ने काली पट्टी बांधकर नमाज अदा की।

बताया जा रहा है कि वक्फ संशोधन बिल के विरोध में यह प्रदर्शन किया गया। ब्लॉक कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष सिराजुद्दीन भुट्टो ने कहा कि यह बिल एक साजिश है। इसका मकसद मुसलमानों को उनकी मस्जिदों, ईदगाहों, मदरसों, दरगाहों और कब्रिस्तानों से वंचित करना है।

Muslims wear black bands

उन्होंने आगे कहा कि अगर यह बिल पास हो गया तो सैकड़ों धार्मिक स्थल और चैरिटी संस्थाएं मुस्लिम समाज के नियंत्रण से बाहर हो जाएंगी। इसलिए हर मुसलमान का कर्तव्य है कि वह इस बिल का विरोध करे। भुट्टो ने यह भी कहा कि सरकार हिंदू-मुस्लिम को बांटकर राजनीति कर रही है। उन्होंने याद दिलाया कि भारत गंगा-जमुनी तहजीब का देश है, जहां सभी लोग मिलकर त्योहार मनाते हैं। इससे पहले दिल्ली में भी मुस्लिम पर्सनल लॉ बोर्ड के आह्वान पर वक्फ बिल के खिलाफ बड़ा प्रदर्शन हुआ था।

इस विरोध प्रदर्शन में सिराजुद्दीन भुट्टो, इक़बाल खान, मोईनुद्दीन, आफ़ताब अहमद समेत कई स्थानीय नागरिक व प्रमुख लोग मौजूद रहे।