ई-डिजिटल क्रॉप सर्वे में न करने पर बर्खास्त होंगे पंचायत सहायक, ADO पंचायत बजरंगी पांडेय ने सुना दिया सरकारी फरमान

जिला प्रशासन ने कड़ा रुख अपनाते हुए पंचायत सहायकों को काम शुरू करने के लिए बाध्य कर दिया है। एडीओ पंचायत ने साफ कहा है कि किसी भी हालत में कार्य को रोका नहीं जा सकता।
 

सकलडीहा में एडीओ पंचायत की सख्त चेतावनी

डिजिटल क्रॉप सर्वे को लेकर विभाग की सख्ती

गांव-गांव में हो रही ई-खसरा पड़ताल

जिला प्रशासन की सख्ती से बदलने लगा है माहौल

चंदौली जिले के सकलडीहा में ई-डिजिटल क्रॉप सर्वे को लेकर पंचायत विभाग ने सख्त रुख अपनाया है। बुधवार को एडीओ पंचायत बजरंगी पांडेय ने पंचायत सहायकों को स्पष्ट चेतावनी देते हुए कहा कि किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। सर्वे कार्य में ढिलाई बरतने वाले पंचायत सहायकों को तत्काल प्रभाव से बर्खास्त कर दिया जाएगा। इस निर्देश के बाद पंचायत सहायकों में खलबली मच गई है।

एडीओ पंचायत ने बताया कि कृषि और पंचायत विभाग की ओर से गांव-गांव में फसलों की ई-खसरा पड़ताल की जा रही है। इस सर्वे का मकसद यह पता लगाना है कि किसानों ने अपने खेतों में कौन-कौन सी फसलें बोई हैं। इस कार्य में पंचायत विभाग के साथ राजस्व और कृषि विभाग भी सहयोग कर रहे हैं।

उन्होंने कहा कि पंचायत सहायकों को इस कार्य की जिम्मेदारी सौंपी गई है। लेकिन कई पंचायत सहायक इस कार्य को लेकर असंतोष जता रहे हैं। उनका कहना है कि बरसात के मौसम में खेतों और पगडंडियों पर सर्वे करना खासतौर से महिला पंचायत सहायकों के लिए बेहद कठिन है। इसी मुद्दे पर हाल ही में पंचायत सहायकों ने तहसील और ब्लॉक मुख्यालय पर प्रदर्शन भी किया था।

हालांकि, जिला प्रशासन ने कड़ा रुख अपनाते हुए पंचायत सहायकों को काम शुरू करने के लिए बाध्य कर दिया है। एडीओ पंचायत ने साफ कहा है कि किसी भी हालत में कार्य को रोका नहीं जा सकता। पंचायत सहायकों को अब सर्वे कार्य में सक्रियता दिखानी होगी, वरना उन्हें बर्खास्त कर दिया जाएगा।

इस मौके पर सतीश, मनीष और संजय सहित अन्य पंचायत सहायक मौजूद रहे। प्रशासन की सख्ती के बाद अब पंचायत सहायकों ने धीरे-धीरे सर्वे कार्य शुरू कर दिया है। ग्रामीणों का मानना है कि यह सर्वे किसानों की फसलों और उनकी स्थिति को समझने में मददगार साबित होगा।