पूर्वांचल एक्सप्रेसवे पर 20 लाख की चोरी का महीना भर बाद भी खुलासा नहीं, चंदौली में भड़का गुस्सा
पूर्वांचल एक्सप्रेसवे पर चंदौली के केंद्रीय कर्मचारी के परिवार से हुई 20 लाख की चोरी का एक महीना बीतने के बाद भी खुलासा नहीं हुआ। पुलिस की ढिलाई से नाराज युवा संघर्ष मोर्चा ने मुख्यमंत्री को ज्ञापन भेजकर कड़ी कार्रवाई की मांग की है।
पूर्वांचल एक्सप्रेसवे पर 20 लाख की चोरी
एक महीने बाद भी खाली हाथ पुलिस
सकलडीहा में युवा संघर्ष मोर्चा का प्रदर्शन
तहसीलदार के जरिए सीएम को सौंपा ज्ञापन
जल्द खुलासा न होने पर आंदोलन की चेतावनी
चंदौली जिले के सकलडीहा थाना क्षेत्र अंतर्गत उकनी बीरम राय गांव के निवासी प्रवीण कुमार मिश्रा केंद्रीय कर्मचारी हैं। हाल ही में स्थानांतरण होने के बाद वह अपने परिवार को लेकर पूर्वांचल एक्सप्रेसवे के रास्ते जा रहे थे। इसी दौरान आजमगढ़ जिले के तहबरपुर थाना क्षेत्र में चाय पीने के लिए रुकते ही कुछ अपराधियों ने उनकी गाड़ी का शीशा तोड़कर लगभग 20 लाख रुपये से अधिक के कीमती जेवर और 20 हजार रुपये नकद उड़ा दिए।
एक महीना बीत जाने के बाद भी पुलिस के हाथ खाली
इस सनसनीखेज वारदात के संबंध में स्थानीय थाने में अपराध संख्या 109/2026, बीएनएस (BNS) धारा 305 और 324(4) के तहत मुकदमा तो दर्ज कर लिया गया, लेकिन घटना का एक महीना बीत जाने के बावजूद पुलिस अब तक आरोपियों को नहीं पकड़ सकी है। आजमगढ़ पुलिस की इस कछुआ चाल और ढिलाई से पीड़ित परिवार की मानसिक स्थिति बेहद खराब हो चुकी है और चंदौली के आम जनमानस में गहरा रोष व्याप्त है।
युवा संघर्ष मोर्चा ने तहसीलदार को सौंपा ज्ञापन
पुलिस की निष्क्रियता से नाराज युवा संघर्ष मोर्चा के कार्यकर्ताओं ने बुधवार को सकलडीहा तहसील पहुंचकर जमकर विरोध जताया। मोर्चा के कार्यकर्ताओं ने सकलडीहा तहसीलदार अनुराग सिंह के माध्यम से मुख्यमंत्री के नाम एक ज्ञापन सौंपा। ज्ञापन सौंपते हुए मोर्चा के संयोजक शैलेंद्र पांडे 'कवि' ने कहा कि आम जनता की सबसे बुनियादी जरूरतें शिक्षा, स्वास्थ्य और सुरक्षा हैं, लेकिन इस तरह की घटनाएं लोगों में असुरक्षा की भावना पैदा कर रही हैं।
आरोपियों की गिरफ्तारी न होने पर आंदोलन की चेतावनी
युवा संघर्ष मोर्चा ने मांग की है कि घटना में शामिल शातिर अपराधियों को जल्द से जल्द गिरफ्तार कर चोरी गए जेवरों की बरामदगी की जाए। चेतावनी दी गई कि यदि मामले में तुरंत कोई ठोस प्रशासनिक कदम नहीं उठाया गया तो उग्र जनआंदोलन छेड़ा जाएगा। इस दौरान ज्ञापन देने वाले प्रतिनिधिमंडल में दीक्षा, छोटे, विनय प्रकाश तिवारी, ईश्वर चंद पांडे और त्रिलोक चौबे समेत कई प्रमुख लोग शामिल रहे।