मेडिकल कॉलेज में अब 24 घंटे मिलेगी एक्स-रे की सुविधा, गरीब मरीजों को मिलेगी बड़ी राहत

जिला अस्पताल को अपग्रेड करके चिकित्सा महाविद्यालय के अस्पताल के रूप में विकसित किया जा रहा है। नए भवन में विभागों को क्रमशः शिफ्ट किया जा रहा है।
 

एक माह में शुरू होगी 24 घंटे एक्सरे सेवा

150 से अधिक मरीजों को रोजाना होता है लाभ

आपातकालीन मरीजों को मिलेगा त्वरित इलाज

डॉ. नैसी पारुल ने दी बेहतर स्वास्थ्य सेवाओं का भरोसा

चंदौली जिले के चिकित्सा महाविद्यालय के अस्पताल में मरीजों को अब एक और बड़ी सुविधा मिलने जा रही है। अस्पताल प्रशासन ने निर्णय लिया है कि आने वाले एक माह के भीतर यहां 24 घंटे एक्सरे सेवा उपलब्ध करा दी जाएगी। अभी तक यह सेवा केवल सुबह 8 बजे से दोपहर 2 बजे तक सीमित थी। ऐसे में विशेषकर आपातकालीन स्थितियों में आने वाले मरीजों को काफी कठिनाई उठानी पड़ती थी। नई व्यवस्था लागू होने के बाद किसी भी समय मरीज एक्सरे जांच करा सकेंगे।

मरीजों की बढ़ती संख्या बनी वजह

अस्पताल प्रशासन ने बताया कि रोजाना करीब 150 से अधिक मरीज एक्सरे जांच के लिए आते हैं। सीमित समय के कारण कई बार मरीजों को या तो अगले दिन इंतजार करना पड़ता था या फिर बाहर निजी केंद्रों का सहारा लेना पड़ता था। इसके चलते मरीजों पर आर्थिक बोझ भी बढ़ जाता था। प्रशासन का मानना है कि 24 घंटे सेवा शुरू होने से यह समस्या दूर होगी और आपातकालीन सेवा की गुणवत्ता में भी सुधार आएगा।

जिला अस्पताल से चिकित्सा महाविद्यालय में शिफ्ट

दरअसल, जिला अस्पताल को अपग्रेड करके चिकित्सा महाविद्यालय के अस्पताल के रूप में विकसित किया जा रहा है। नए भवन में विभागों को क्रमशः शिफ्ट किया जा रहा है। वर्तमान में मेडिसिन, ईएनटी (नाक, कान और गला), नेत्र रोग, त्वचा रोग, बाल रोग, अस्थि रोग और जनरल सर्जरी विभाग को शिफ्ट करके सुचारू रूप से चलाया जा रहा है। अब एक्सरे की 24 घंटे सेवा के साथ अन्य जांच सुविधाओं को भी धीरे-धीरे बढ़ाया जाएगा।

महिलाओं और बच्चों के लिए एमसीएच विंग

महिलाओं के उपचार और प्रसूति सेवाओं को सुदृढ़ करने के लिए अस्पताल प्रशासन ने मातृ-शिशु स्वास्थ्य (एमसीएच) विंग तैयार किया है। यहां महिला रोग विभाग को शिफ्ट किया जाएगा। इस विभाग में प्रतिदिन 450 से अधिक महिलाएं ओपीडी में आती हैं। एमसीएच विंग में ओपीडी, ऑपरेशन थिएटर और विशेष सर्जरी सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएंगी। प्रशासन का दावा है कि तीन माह के भीतर यह व्यवस्था पूरी तरह से शुरू कर दी जाएगी।

जांच सुविधाओं का विस्तार

वर्तमान में अस्पताल में कुछ महत्वपूर्ण जांचों की कमी है। अभी तक ट्रोपोनिन, कल्चर, कलर डॉप्लर, सोनोग्राफी, एंजियोग्राफी, इको, ईईजी, एमआरआई, बायोप्सी, एंडोस्कोपी, कोलोनोस्कोपी और हेपेटाइटिस वायरल लोड जैसी जांचें उपलब्ध नहीं हैं। इन जांचों की अनुपलब्धता के कारण मरीजों को वाराणसी या अन्य बड़े शहरों का रुख करना पड़ता है। प्रशासन ने आश्वासन दिया है कि आने वाले समय में इन सभी जांचों को भी यहां उपलब्ध कराया जाएगा।

मरीजों को मिलेगी राहत

चिकित्सा महाविद्यालय में बढ़ती भीड़ को देखते हुए यह कदम मरीजों के लिए राहत भरा साबित होगा। यहां न केवल चंदौली जनपद की लगभग 24.50 लाख की आबादी, बल्कि पड़ोसी बिहार के सीमावर्ती गांवों के मरीज भी इलाज के लिए आते हैं। एक्सरे और अन्य जांचें 24 घंटे उपलब्ध होने से मरीजों को इलाज में देरी का सामना नहीं करना पड़ेगा।

अस्पताल भवन का आधुनिकीकरण

प्रशासन का कहना है कि जिला अस्पताल भवन को अपग्रेड करने की प्रक्रिया जारी है। भवन के नए हिस्से में धीरे-धीरे सभी विभागों और उनकी ओपीडी को शिफ्ट किया जाएगा। इसके अलावा नेत्र रोग, दंत चिकित्सा और मानसिक रोग विभाग को भी यहां संचालित करने की योजना बनाई जा रही है।

प्रशासन का दावा – आधुनिक अस्पताल बनेगा

चिकित्सा महाविद्यालय की उप प्राचार्य डॉ. नैसी पारुल ने बताया कि एक्सरे की 24 घंटे सेवा शीघ्र ही शुरू की जाएगी। उन्होंने कहा कि हमारा प्रयास है कि मरीजों को किसी भी समय जांच और उपचार की बेहतर सुविधा मिल सके। एमसीएच विंग में महिला और बाल रोग विभाग की सर्जरी और ओपीडी को भी जल्द स्थानांतरित कर दिया जाएगा। आने वाले दिनों में अस्पताल पूरी तरह से आधुनिक स्वरूप में कार्य करेगा।