गंगा व पर्यावरण संरक्षण पर CDO सख्त,  वृक्षारोपण और कचरा प्रबंधन पर चर्चा
​​​​​​​

CDO ने कहा कि किसी भी प्रकार का ठोस अपशिष्ट गंगा या उसकी सहायक नदियों में प्रवाहित न हो, इसके लिए सख्त कदम उठाए जाने चाहिए।
 

पर्यावरण संरक्षण व गंगा की साफ-सफाई पर पुराने ढर्रे का काम

बहुत अच्छी नहीं है वृक्षारोपण कार्यक्रमों की प्रगति

केवल दिशा-निर्देश तक सीमित हैं अधिकारियों की मीटिंग 

चंदौली जिले के मुख्य विकास अधिकारी (CDO) आर जगत सांई की अध्यक्षता में सोमवार को कलेक्ट्रेट सभागार में जिला पर्यावरण समिति, वृक्षारोपण और जिला गंगा समिति की एक संयुक्त समीक्षा बैठक संपन्न हुई। बैठक में पर्यावरण संरक्षण, गंगा की निर्मलता और वृक्षारोपण कार्यक्रमों की प्रगति की विस्तृत समीक्षा की गई और अधीनस्थों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए।

वृक्षारोपण की मॉनिटरिंग और जियो टैगिंग
बैठक के दौरान CDO ने वृक्षारोपण कार्यक्रमों की निगरानी में लापरवाही पर नाराज़गी व्यक्त की। अधिकारियों ने बताया कि लगाए गए पौधों की मॉनिटरिंग हेतु गठित थर्ड पार्टी टीम द्वारा अभी तक जांच शुरू नहीं की गई है। इस पर मुख्य विकास अधिकारी ने संबंधित विभागों को तत्काल जांच शुरू करने और लगाए गए पौधों की शत प्रतिशत जियो टैगिंग सुनिश्चित करने का निर्देश दिया।

गंगा और सहायक नदियों की निर्मलता पर जोर
जिला गंगा समिति की समीक्षा करते हुए, CDO ने गंगा और उसकी सहायक नदियों को निर्मल एवं अविरल बनाए रखने पर विशेष जोर दिया। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया कि ठोस अपशिष्ट (Solid Waste) को नदी में बहने से रोकने के लिए आवश्यक कार्रवाई की जाए।

CDO ने कहा कि किसी भी प्रकार का ठोस अपशिष्ट गंगा या उसकी सहायक नदियों में प्रवाहित न हो, इसके लिए सख्त कदम उठाए जाने चाहिए। बैठक में नदी के विकास, वनीकरण, सीवेज उपचार अवसंरचना विकास और गंगा ग्राम जैसी योजनाओं की समीक्षा भी की गई और आवश्यक दिशा-निर्देश जारी किए गए।

बैठक में प्रभागीय वनाधिकारी बी शिव शंकर, अपर पुलिस अधीक्षक अनंत चंद्रशेखर, तथा समस्त संबंधित विभागों के अधिकारीगण के साथ-साथ समितियों के सदस्यगण प्रमुख रूप से मौजूद रहे।