कौन सच्चा कौन झूठा : सुशील सिंह बोल रहे हैं 23 जून से पानी मिलेगा और अधिकारी 21 जून से देने को तैयार

 

चंदौली में धान की नर्सरी डालने के लिए किसानों की मांग पर सिंचाई विभाग ने नहरें खोलने की तारीख बदल दी है। अब 23 जून के बजाय 21 जून से ही नहरों में पानी छोड़ दिया जाएगा। लेकिन विधायक की फेसबुक पोस्ट कंफ्यूजन पैदा कर रही है।

 
 

21 जून से संचालित होंगी नहरें

धान की नर्सरी के लिए मिलेगा पानी

किसान दिवस की बैठक में बनी सहमति

अधिशासी अभियंता ने जारी की विज्ञप्ति

 चंदौली जिले के किसानों के लिए खेती-किसानी से जुड़ी एक बेहद जरूरी और राहत भरी खबर है। चंद्रप्रभा प्रखंड (पंडित दीनदयाल उपाध्याय नगर, चंदौली) के अधिशासी अभियंता (नोडल) हरेन्द्र कुमार द्वारा जारी प्रेस विज्ञप्ति के अनुसार, जनपद में खरीफ 1434 फसली के लिए नहरों का संचालन अब तय समय से दो दिन पहले यानी 21 जून 2026 से शुरू कर दिया जाएगा। सिंचाई विभाग के इस फैसले से धान की अगेती नर्सरी डालने की तैयारी कर रहे किसानों को बड़ी राहत मिली है।

किसानों की मांग के आगे बदला गया रोस्टर
दरअसल, सिंचाई एवं जल संसाधन विभाग द्वारा पहले गंगा नदी के जल स्तर को ध्यान में रखते हुए नहरों के संचालन के लिए 23 जून 2026 की तारीख प्रस्तावित की गई थी। इसके बाद 17 जून 2026 को आयोजित हुई 'किसान दिवस' की बैठक में जिले के अन्नदाताओं ने धान की नर्सरी (बेहन) डालने के लिए नहरों को जल्द चालू करने की पुरजोर मांग उठाई थी। किसानों की इस जायज जरूरत को देखते हुए विभाग के आला अधिकारियों ने उनके साथ वार्ता की और सर्वसम्मति से नहरों को दो दिन पहले यानी 21 जून से ही संचालित करने का बड़ा निर्णय लिया।


धान की नर्सरी के लिए मिलेगा पर्याप्त पानी
अधिशासी अभियंता हरेन्द्र कुमार ने बताया कि पिछले वर्ष (खरीफ 1433 फसली) नहरों का संचालन 19 जून 2025 से किया गया था। इस बार भी प्रशासन पूरी तरह मुस्तैद है। विभाग ने किसानों को आश्वस्त किया है कि 21 जून से नहरों का संचालन शुरू होने के बाद सभी टेल और खेतों तक पर्याप्त मात्रा में पानी पहुंचाया जाएगा, ताकि धान की नर्सरी तैयार करने में किसानों को पानी की किल्लत का सामना न करना पड़े। विभाग के इस त्वरित फैसले से चंदौली के किसान बेहद खुश हैं। 

यह पत्र विधायक सुशील सिंह ने 21 घंटे पहले अपने फेसबुक पर डाला था, लेकिन 4 घंटे पहले एक और पोस्ट डाल कर विधायक ने 23 जून से सिंचाई का पानी मिलने व नहर चलने की बात लिखी है, जिससे किसानों में कंफ्यूजन हो रहा है। दो तरह की पोस्ट में 2 जानकारी से लोग भी दुविधा में हैं कि आखिर जब नहर 21 को चलनी है तो विधायक जी 23 जून क्यों बता रहे हैं।