लगातार बारिश से बांध फिर होने लगे ओवरफ्लो, डेढ़ दर्जन गांवों में दिखने लगा बाढ़ का खतरा
चकिया-मुगलसराय रोड पर आना जाना मुश्किल
मुगलसराय-चकिया रोड पर रूट डायवर्जन लागू
कई गांवों के ग्रामीण होंगे परेशान
चंदौली लगातार 24 घंटे से जारी मूसलधार बारिश ने जिले की नदियों को उफान पर ला दिया है। चंद्रप्रभा और मूसाखाड़ बांधों से पानी छोड़े जाने के बाद कर्मनाशा और चंद्रप्रभा नदियां उफान मार रही हैं। इससे डेढ़ दर्जन से अधिक गांव बाढ़ की चपेट में आ गए हैं। ददरा गांव में हालात गंभीर हो गए हैं। यहां बाढ़ का पानी घरों तक पहुंच गया है और कई लोग बेघर हो गए हैं। पंचायत भवन समेत कई सरकारी संस्थानों में भी पानी भर गया है।
लगातार बढ़ते जलस्तर के कारण चकिया-पीडीडीयू नगर मार्ग स्थित बबुरी पुल पर पानी ऊपर से बहने लगा है। ऐसे में प्रशासन ने एहतियात के तौर पर मार्ग पर रूट डायवर्जन लागू कर दिया है। बड़े वाहनों और चारपहिया वाहनों के आवागमन पर रोक लगा दी गई है। पुलिस प्रशासन के अनुसार 3 अक्टूबर से यह व्यवस्था लागू की गई है ताकि किसी प्रकार की दुर्घटना न हो।
रूट डायवर्जन योजना के तहत गोधना चौराहा से किसी भी प्रकार का भारी वाहन, मालवाहक वाहन या चारपहिया वाहन बबुरी होकर चकिया की ओर नहीं जाएगा। चकिया से आने वाले सभी वाहनों को गौडिहार चौराहा से होते हुए जिवनाथपुर, पटनवां और टेंगरा मोड़ मार्ग से वाराणसी व मुगलसराय की ओर भेजा जा रहा है। यह व्यवस्था तब तक जारी रहेगी जब तक बाढ़ का पानी घट नहीं जाता।
गड़ई और कर्मनाशा नदी भी उफान पर हैं। ददरा समेत आसपास के गांवों के लोग चारों तरफ से पानी से घिरे हुए हैं। आवागमन ठप होने से ग्रामीणों को भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। खाने-पीने की वस्तुएं और रोजमर्रा की जरूरतों की चीजें गांवों तक नहीं पहुंच पा रही हैं।
प्रशासन और पुलिस स्थिति पर नजर बनाए हुए हैं। प्रभावित क्षेत्रों में लगातार निगरानी की जा रही है और बचाव कार्य की तैयारियां तेज कर दी गई हैं। बाढ़ प्रभावित इलाकों में प्रशासन ने सतर्कता बढ़ा दी है ताकि किसी भी तरह की अनहोनी को रोका जा सके।