जिले में 300 करोड़ खर्च के बाद भी जलभराव: दो दिन की बारिश से खुली व्यवस्था की पोल, बेहाल हुए लोग

चंदौली जिले में जल निकासी के नाम पर 300 करोड़ से ज्यादा खर्च होने के बावजूद दो दिन की बारिश से शहर से लेकर गांव तक जलभराव की स्थिति बन गई है। दुकानें, घर और अंडरपास पानी में डूब चुके हैं।

 
 

जल निकासी पर 300 करोड़ खर्च बेअसर

पीडीडीयू नगर में दुकानें और घर जलमग्न

बरहुली देवई मार्ग अंडरपास में भरा पानी

पूरागणेश गांव में तीन दिन से जलभराव

ग्रामीणों ने जलभराव के खिलाफ किया प्रदर्शन

चंदौली जिले में जल निकासी व्यवस्था को दुरुस्त करने के नाम पर हर साल गांव से लेकर शहर तक करोड़ों रुपये का बजट खर्च किया जाता है। विभिन्न सरकारी योजनाओं के तहत नालियों, नालों और जल निकासी से जुड़े निर्माण कार्यों पर अब तक लगभग 300 करोड़ रुपये से अधिक की राशि खर्च हो चुकी है। इसके बावजूद बारिश आते ही लोगों को जलभराव की गंभीर समस्या से जूझना पड़ रहा है। बीते दो दिनों की बारिश ने नगर पालिका परिषद मुगलसराय  सहित जिले की नगर पंचायतों और विकास दावों की पोल खोलकर रख दी है।

अतिक्रमण और सिल्ट के कारण नाले पड़े ठप
शहर के प्रमुख मोहल्लों के साथ-साथ ग्रामीण क्षेत्रों में भी सड़कें और गलियां पानी से लबालब हो गई हैं। कई स्थानों पर नालियां जाम होने की वजह से गंदा पानी घरों और दुकानों के भीतर घुस गया है। जल निकासी के लिए बनाए गए नालों पर कई जगह अवैध अतिक्रमण हो चुका है, तो कहीं नाले सिल्ट से पटे पड़े हैं। हर साल मानसून से पहले नालियों की सफाई और मरम्मत के बड़े-बड़े दावे किए जाते हैं, लेकिन धरातल पर स्थिति जस की तस बनी हुई है। अनियोजित निर्माण और रख-रखाव की कमी पर अब सवाल उठने लगे हैं।

पीडीडीयू नगर: दुकानों के बेसमेंट और घरों में घुसा पानी
पीडीडीयू नगर में बीते तीन दिनों से हो रही मूसलाधार बारिश ने नगर पालिका के इंतजामों को बेनकाब कर दिया है। शहर के कई इलाकों में नाले ध्वस्त होने के कारण बारिश का पानी सड़कों पर जमा हो गया। सबसे अधिक परेशानी उन कारोबारियों को उठानी पड़ी जिनके प्रतिष्ठानों के बेसमेंट में पानी भर गया। दुकानदारों को बेसमेंट से पानी निकालने के लिए पंप लगाकर घंटों मशक्कत करनी पड़ी। बारिश थमने के बाद नालियों का गंदा पानी सड़कों पर आने से राहगीरों और दुकानदारों का जीना मुहाल हो गया है।

बरहुली देवई अंडरपास में भरा पानी
नियमताबाद क्षेत्र के बरहुली देवई संपर्क मार्ग पर भारतमाला परियोजना के तहत बनाए गए अंडरपास में भारी बरसाती पानी भर गया है। कार्यदायी संस्था द्वारा जल निकासी के समुचित प्रबंध न किए जाने के कारण देवई, खरगीपुर, नरैना और महादेउर समेत कई गांवों के ग्रामीणों का आवागमन ठप हो गया है। ग्रामीणों को अपने गांव तक पहुंचने के लिए कई किलोमीटर का व्यर्थ चक्कर लगाना पड़ रहा है। क्षेत्र पंचायत सदस्य सत्य प्रकाश बिंद के अनुसार, जिम्मेदारों को कई बार चेताया गया, लेकिन कोई सुनवाई नहीं हुई।

पूरागणेश गांव में तीन दिनों से जलभराव
टांडाकला के पूरागणेश स्थित दलित बस्ती में पिछले तीन दिनों से बारिश का पानी भरा हुआ है। मुख्य मार्ग से गांव के भीतर जाने वाले रास्ते पर घुटने तक पानी भर जाने से ग्रामीणों का धैर्य जवाब दे गया। संक्रमण का खतरा बढ़ता देख नाराज ग्रामीणों और महिलाओं ने अधिकारियों व सरकार के खिलाफ जोरदार प्रदर्शन किया। विरोध प्रदर्शन में मुख्य रूप से बहादुर राम, शुभम, विनोद राम, वंशनारायण, कैलाश, व्यास, चंदन, रुस्तम, ललिता देवी और राधिका देवी सहित कई ग्रामीण शामिल रहे।