चकिया में 15 अगस्त को छात्र से दुर्व्यवहार: मंच पर कराई उठक-बैठक, मारपीट का वीडियो वायरल होने से मचा बवाल 

चकिया के आदित्य नारायण राजकीय इंटर कॉलेज में 15 अगस्त को छात्र को मंच पर उठक-बैठक कराने और ड्रेस न पहनने पर दूसरे छात्र से मारपीट का मामला सामने आया है। वीडियो वायरल होने के बाद परिजनों ने कार्रवाई की मांग की है।

 
 

चकिया इंटर कॉलेज में स्वतंत्रता दिवस पर छात्र से दुर्व्यवहार

सार्वजनिक मंच पर छात्र को कान पकड़कर कराई उठक-बैठक

बिना ड्रेस आए कक्षा नौ के छात्र को पीटने का आरोप

घटना का वीडियो वायरल होने के बाद परिजनों में भारी नाराजगी

पुलिस और जिला विद्यालय निरीक्षक से जांच व कार्रवाई की मांग

शनिवार 15 अगस्त को जब पूरा देश स्वतंत्रता दिवस का जश्न मना रहा था, उसी दौरान चकिया स्थित आदित्य नारायण राजकीय इंटर कॉलेज से एक हैरान करने वाली खबर सामने आई। विद्यालय के प्रधानाचार्य पर छात्रों के साथ दुर्व्यवहार और मारपीट करने का गंभीर आरोप लगा है। स्वतंत्रता दिवस समारोह के दौरान एक छात्र को मंच पर सार्वजनिक रूप से कान पकड़कर उठक-बैठक कराने का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो गया है, जिससे लोगों में भारी गुस्सा है।

चकिया इंटर कॉलेज में स्वतंत्रता दिवस पर छात्र से दुर्व्यवहार

सार्वजनिक मंच पर छात्र को कान पकड़कर कराई उठक-बैठक

बिना ड्रेस आए कक्षा नौ के छात्र को पीटने का आरोप

घटना का वीडियो वायरल होने के बाद परिजनों में भारी नाराजगी@dmchandauli @CMOfficeUP @chandaulipolice pic.twitter.com/RgnOIyfVDw

— Vijay Kumar Tiwari (@vijayku49133779) August 16, 2026


ड्रेस में न आने पर छात्र को पीटने का आरोप
मिली जानकारी के मुताबिक, कक्षा नौ का छात्र रितेश भारती 15 अगस्त को निर्धारित ड्रेस पहनकर स्कूल नहीं पहुंचा था। छात्र का आरोप है कि इसी बात से नाराज होकर प्रधानाचार्य ने उसके साथ मारपीट की और बाल पकड़कर जमीन पर पटक दिया। घटना के बाद पीड़ित छात्र ने घर पहुंचकर पूरी बात अपने परिवार को बताई। छात्र की माता बिंदु देवी, पिता राजेश कुमार भारती और साथ पढ़ने वाले भाई ने इस घटना पर कड़ा विरोध जताया है।

मंच पर दी गई सजा का वीडियो वायरल
इसी बीच स्वतंत्रता दिवस कार्यक्रम के दौरान एक अन्य छात्र को सभी के सामने मंच पर कान पकड़कर उठक-बैठक कराने का वीडियो इंटरनेट पर तेजी से फैल गया। सरकारी नियमों के मुताबिक स्कूलों में बच्चों को किसी भी तरह की शारीरिक या मानसिक सजा देना सख्त मना है। ऐसे में राजकीय विद्यालय का यह वीडियो सामने आने के बाद स्कूल प्रशासन के रवैये पर कई सवाल खड़े हो गए हैं।

पुलिस और शिक्षा विभाग से कार्रवाई की मांग
पीड़ित छात्र के परिजनों का कहना है कि उन्होंने घटना की शिकायत पुलिस से की है, लेकिन अभी तक कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया है। परिजनों ने मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषी पर कार्रवाई की मांग की है। इस पूरे प्रकरण पर जब जिला विद्यालय निरीक्षक से उनका पक्ष जानने के लिए संपर्क करने की कोशिश की गई, तो फोन न उठने के कारण उनकी प्रतिक्रिया नहीं मिल सकी। अब देखना यह होगा कि वायरल वीडियो पर शिक्षा विभाग क्या कदम उठाता है।