गंदे पानी और कचरे से पटी लालपुर की गली; कीचड़ और दुर्गंध से ग्रामीणों का पैदल चलना हुआ दुभर
चकिया विकास खंड के लालपुर गांव में जल निकासी की व्यवस्था न होने से गली में गंदा पानी और कचरा जमा हो गया है। ग्रामीणों की बार-बार शिकायत के बावजूद अधिकारियों द्वारा कोई कदम न उठाए जाने से लोगों में भारी रोष है।
चकिया के लालपुर गांव की गली में जलभराव
गंदे पानी और कचरे से संक्रामक रोगों का खतरा
बच्चों और बुजुर्गों का रास्ते से गुजरना हुआ मुश्किल
बार-बार शिकायत के बाद भी अफसर बेखबर
ग्रामीणों ने तत्काल जलनिकासी की उठाई मांग
विकासखंड चकिया अंतर्गत लालपुर गांव में जलनिकासी की समुचित व्यवस्था न होने से ग्रामीणों को भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। गांव की मुख्य गलियों में लंबे समय से गंदा पानी जमा है और जगह-जगह कूड़े-कचरे का अंबार लगा हुआ है। इस कारण पूरी गली में भीषण दुर्गंध फैल रही है और लोगों का पैदल चलना भी दूभर हो गया है। बारिश के बाद स्थिति और ज्यादा विकराल हो गई है, जिससे पूरा मोहल्ला नारकीय जीवन जीने को मजबूर है।
मासूम बच्चों और बुजुर्गों के लिए बढ़ा हादसों का खतरा
स्थानीय निवासियों का कहना है कि गली में जमे कीचड़ और गंदे पानी से बड़े-बुजुर्ग तो किसी तरह संभलकर निकल जाते हैं, लेकिन छोटे बच्चों का यहां से गुजरना खतरे से खाली नहीं है। जलभराव और फिसलन के कारण रोज बच्चे गिरकर चोटिल हो रहे हैं। इसके साथ ही जमा पानी में मच्छरों के पनपने से बीमारियों का खतरा भी मंडरा रहा है।
शिकायतों के बाद भी बेखबर जिम्मेदार, ग्रामीणों में गहराता आक्रोश
ग्रामीणों का आरोप है कि इस विकट समस्या को लेकर उन्होंने ग्राम प्रधान से लेकर संबंधित प्रशासनिक अधिकारियों तक कई बार लिखित व मौखिक शिकायतें कीं, लेकिन आज तक कोई स्थायी समाधान नहीं निकाला गया। अधिकारियों की इस लगातार अनदेखी से ग्रामीणों में भारी रोष व्याप्त है। ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द ही गांव में जलनिकासी और साफ-सफाई की व्यवस्था नहीं कराई गई, तो वे सड़कों पर उतरकर विरोध प्रदर्शन करने को बाध्य होंगे।