हाटा गांव में बूंद-बूंद पानी को तरसे लोग: महीनों से खराब हैं हैंडपंप, ग्रामीणों ने सचिव पर लगाया लापरवाही का आरोप
चंदौली के हाटा ग्राम पंचायत में भीषण गर्मी के बीच पीने के पानी का गंभीर संकट खड़ा हो गया है। गांव के आधा दर्जन से अधिक सरकारी हैंडपंप महीनों से खराब पड़े हैं, जिससे नाराज ग्रामीणों ने सचिव के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है।
हाटा गांव में पेयजल संकट गहराया
आधा दर्जन सरकारी हैंडपंप पड़े खराब
ग्रामीणों ने सचिव पर लगाया आरोप
पानी के लिए भटक रही हैं महिलाएं
एडीओ पंचायत ने दी कार्रवाई की चेतावनी
चंदौली जिले में लगातार बढ़ते तापमान और भीषण गर्मी के बीच शहाबगंज विकास क्षेत्र की हाटा ग्राम पंचायत में पीने के पानी का गंभीर संकट खड़ा हो गया है। गांव के अलग-अलग मोहल्लों में लगे आधा दर्जन से अधिक सरकारी हैंडपंप महीनों से सफेद हाथी बने हुए हैं। पानी न आने की वजह से ग्रामीणों को इस तपती गर्मी में बूंद-बूंद पानी के लिए भारी मुश्किलों का सामना करना पड़ रहा है। स्थानीय पत्रकार सुषमा केशरी की रिपोर्ट के मुताबिक, ग्रामीणों ने इस बदहाली के लिए सीधे तौर पर ग्राम पंचायत सचिव को जिम्मेदार ठहराते हुए लापरवाही का गंभीर आरोप लगाया है।
महीनों से बंद पड़े हैं अलग-अलग मोहल्लों के हैंडपंप
गांव के लोगों का कहना है कि डीह बाबा स्थल के पास लगा सरकारी हैंडपंप पिछले दो महीनों से पूरी तरह खराब है। वहीं, महेंद्र चौबे के घर के पास और धीरज चौहान के घर के पास लगे सार्वजनिक हैंडपंप करीब चार महीनों से बंद पड़े हैं। इनके अलावा गांव के अन्य टोलों में लगे कई हैंडपंप भी मरम्मत के अभाव में दम तोड़ चुके हैं। ग्रामीण मंगल कुमार, सुरेश कुमार, सूर्य नारायण, ओमप्रकाश, सेचन और सोनू कुमार ने बताया कि गर्मी में पानी की जरूरत दोगुनी हो जाती है, लेकिन सरकारी हैंडपंप खराब होने के कारण उन्हें दूर-दराज के निजी जलस्रोतों पर निर्भर होना पड़ रहा है। पानी लाने के चक्कर में महिलाओं, बच्चों और बुजुर्गों को इस चिलचिलाती धूप में लंबी दूरी तय करनी पड़ रही है।
अधिकारियों को शिकायत के बाद भी नहीं हुआ कोई सुधार
आक्रोशित ग्रामीणों का आरोप है कि उन्होंने कई बार ग्राम पंचायत सचिव और संबंधित ब्लॉक अधिकारियों को खराब हैंडपंपों की लिखित और मौखिक सूचना दी, लेकिन आज तक कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया। अगर पंचायत स्तर पर समय रहते इन खराब पड़े हैंडपंपों को रीबोर या मरम्मत करा दिया जाता, तो आज पूरे गांव को पानी के लिए इस कदर तरसना नहीं पड़ता। ग्रामीणों ने अब जिला प्रशासन से इस मामले में तुरंत दखल देने और जिम्मेदार कर्मचारियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करने की गुहार लगाई है।
शिकायत सही मिलने पर होगी सख्त कार्रवाई: एडीओ पंचायत
इस पूरे मामले पर जब शहाबगंज के एडीओ पंचायत अरविंद सिंह से बात की गई, तो उन्होंने बताया कि विकास खंड की विभिन्न ग्राम पंचायतों में खराब पड़े हैंडपंपों को ठीक कराने का काम लगातार चल रहा है। उन्होंने आश्वासन दिया कि हाटा ग्राम पंचायत में हैंडपंप खराब होने की इस शिकायत की तुरंत जांच कराई जाएगी। यदि जांच में शिकायत सही पाई जाती है और पंचायत स्तर पर लापरवाही की बात सामने आती है, तो संबंधित जिम्मेदार व्यक्ति के खिलाफ सख्त विभागीय कार्रवाई की जाएगी और जल्द से जल्द सभी हैंडपंपों को दुरुस्त करवाकर ग्रामीणों को राहत दी जाएगी।