जिले का पहला ऑनलाइन न्यूज़ पोर्टलMovie prime

धान की रोपाई के वक्त धूल उड़ रहे खेत: चकिया के पथरहवां कैनाल की बदहाली पर भड़के किसान, आंदोलन की चेतावनी

चकिया विकासखंड में पथरहवां कैनाल की बदहाली से 2500 बीघे खेत सूखे पड़े हैं। धान की रोपाई प्रभावित होने पर किसानों ने सिंचाई विभाग के खिलाफ आक्रोश जताया और समस्या का समाधान न होने पर आंदोलन की चेतावनी दी है।

 
 

चकिया सिंचाई व्यवस्था चरमराई सूखा संकट

पथरहवां राइट लेफ्ट कैनाल सूखी

2500 बीघे खेत में रोपाई अटकी

किसान विकास मंच का नहर निरीक्षण

सिंचाई विभाग के खिलाफ आंदोलन चेतावनी

मौसम की मार और सिंचाई विभाग की घोर लापरवाही के कारण चंदौली जिले के चकिया विकासखंड में सिंचाई व्यवस्था पूरी तरह चरमरा गई है। पथरहवां राइट और पथरहवां लेफ्ट कैनाल से जुड़े हजारों बीघे खेतों तक अब तक पानी नहीं पहुंच सका है। रोपाई का सीजन बीतने की कगार पर है और खेतों में धूल उड़ रही है।

chandauli-news-chakia-irrigation-pathrahwa-canal-dry-farmers-protest

2500 बीघे खेत सूखे, रोपाई पूरी तरह प्रभावित
पथरहवां राइट कैनाल से जुड़े लगभग 500 बीघे और पथरहवां LEFT कैनाल के कमांड एरिया के करीब 2000 बीघे खेत पूरी तरह सूखे पड़े हैं। पानी के अभाव में धान की रोपाई ठप हो गई है, जिससे किसानों में भारी नाराजगी है। किसान विकास मंच के कार्यकर्ताओं ने नहर के हेड का निरीक्षण कर किसानों का हाल जाना।

सफाई न होने और टूटी नहरों से अटका पानी
स्थानीय किसानों का आरोप है कि पथरहवां राइट कैनाल में मात्र छह इंच पानी चल रहा है और नहर का हेड घास-फूस से पटा है। लाइनिंग कई जगह से टूट चुकी है और तटबंध क्षतिग्रस्त हैं। इस वजह से रघुनाथपुर, भमौरा, रामपुर और गर्ला जैसे गांवों के खेतों तक पानी नहीं पहुंच पा रहा है।

सिंचाई विभाग पर कमीशनखोरी और अनदेखी का आरोप
किसानों ने बताया कि जनवरी महीने में चंद्रप्रभा डैम के लीकेज को ठीक करने के नाम पर पानी बहा दिया गया, लेकिन मरम्मत का काम सही से नहीं हुआ। अधिकारियों पर अनदेखी का आरोप लगाते हुए किसानों ने कहा कि अगर पथरहवां लेफ्ट कैनाल के तटबंधों की मरम्मत हो जाए तो पानी टेल तक आसानी से पहुंच सकता है।

अधिकारियों से वार्ता, मांग पूरी न होने पर आंदोलन का ऐलान
किसान विकास मंच के नेताओं ने सिंचाई विभाग के सहायक अभियंता ऋषभ राय से वार्ता कर जल्द सुधार की मांग की। अधिकारी ने निस्तारण का आश्वासन दिया है। हालांकि, किसानों ने साफ चेताया है कि यदि जल्द पर्याप्त पानी नहीं मिला तो वे उग्र आंदोलन करने को बाध्य होंगे।

चंदौली जिले की खबरों को सबसे पहले पढ़ने और जानने के लिए चंदौली समाचार के टेलीग्राम से जुड़े।*