चंदौली KVK में मिल रहे फलदार पौधे, टॉप वैरायटी के लिए करवा लीजिए बुकिंग, जानिए किस पौधे का कितनी रेट रेट लिस्ट
चंदौली के कृषि विज्ञान केंद्र (KVK) की नर्सरी में उन्नत और प्रमाणित फलदार पौधे मिलने शुरू हो रहे हैं। बागवानी के शौकीन और किसान अपनी जरूरत के हिसाब से आगामी एक सप्ताह तक केंद्र पर पंजीकरण करा सकते हैं।
कृषि विज्ञान केंद्र में मिलेंगे पौधे
एक सप्ताह तक कराएं एडवांस रजिस्ट्रेशन
प्रमाणित फलदार पौधों की भारी मांग
आम-अमरूद की दर्जनों उन्नत प्रजातियां
मात्र 20 रुपये से कीमतें शुरू
अगर आप अपने खेतों या घरों में बागवानी करने के शौकीन हैं, तो यह खबर आपके लिए बहुत काम की है। चंदौली जिला मुख्यालय स्थित कृषि विज्ञान केंद्र (केवीके) की नर्सरी में इस सीजन के लिए उन्नत और पूरी तरह प्रमाणित फलदार पौधों की उपलब्धता सुनिश्चित की जा रही है। केंद्र के वैज्ञानिकों ने जिले के सभी किसानों, बागवानों और आम नागरिकों से अपील की है कि वे अपनी जरूरत के अनुसार समय रहते यहाँ आकर एडवांस पंजीकरण करा लें। यह पंजीकरण प्रक्रिया आगामी एक सप्ताह तक खुली रहेगी ताकि सभी को समय पर पौधे मिल सकें।

अमरूद और आम की दर्जनों टॉप वैरायटी हैं उपलब्ध
कृषि विज्ञान केंद्र की नर्सरी में इस बार फलों की ऐसी-ऐसी शानदार प्रजातियां तैयार की गई हैं जो बंपर पैदावार देती हैं। अमरूद की बात करें तो यहाँ ललित, श्वेता, इलाहाबाद सफेदा, हिसार सफेदा, सरदार (लखनऊ-49), धवल और ताइवान पिंक जैसी मशहूर किस्में मिलेंगी।
वहीं आम के शौकीनों के लिए दशहरी, लंगड़ा, चौंसा, आम्रपाली, मल्लिका, अंबिका, अरुणिका, पूसा अरुणिका और पूसा लालिमा जैसी वैरायटी उपलब्ध कराई जा रही हैं। इसके अलावा आंवला की नरेंद्र आंवला-7, 10, 25, 26 और चकैय्या जैसी उन्नत प्रजातियां भी मौजूद हैं।
जानिए किस पौधे की क्या है सरकारी कीमत
फल विज्ञान विभाग, उद्यान व वानिकी महाविद्यालय (आचार्य नरेंद्र देव कृषि एवं प्रौद्योगिक विश्वविद्यालय, कुमारगंज, अयोध्या) की ओर से वर्ष 2026-27 के लिए अनुमोदित दरें तय कर दी गई हैं।
सरकारी रेट के अनुसार आम के कलमी पौधे 100 से 175 रुपये, अमरूद 60 से 70 रुपये, आंवला और बेल 90-90 रुपये, नींबू 60 रुपये, बेर 100 रुपये, अनार और जामुन 50-50 रुपये, किन्नू और कटहल 100-100 रुपये, लीची 60 रुपये तथा ड्रैगन फ्रूट का पौधा 50 रुपये प्रति पीस मिलेगा। वहीं सामान्य बीजू पौधों की कीमत मात्र 20 से 40 रुपये प्रति पौधा निर्धारित की गई है।
वैज्ञानिकों ने की वैज्ञानिक पद्धति अपनाने की अपील
नर्सरी में इन मुख्य फलों के अलावा सेब (एप्पल), जामुन की जामवंत वैरायटी, बेर की एप्पल बेर और कश्मीरी लाल बेर समेत वॉटर एप्पल और नींबू की कागजी व कुंभकार्थ जैसी कई उन्नत प्रजातियां भी उपलब्ध रहेंगी।
कृषि विज्ञान केंद्र के वैज्ञानिकों ने किसानों से आग्रह किया है कि वे बाजार के नकली पौधों के झांसे में आने के बजाय केंद्र से प्रमाणित और गुणवत्तायुक्त पौध सामग्री ही खरीदें। इन पौधों को वैज्ञानिक पद्धति से लगाकर किसान भाई अपनी बागवानी को मुनाफे के सौदे में बदल सकते हैं।
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