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चंदौली में UPTET परीक्षा की तैयारी पूरी, 12 सेंटरों पर 25 हजार से ज्यादा उम्मीदवार देंगे एग्जाम, गड़बड़ी करने वाले जाएंगे जेल

चंदौली में 02 से 04 जुलाई तक होने वाली UPTET-2026 परीक्षा के लिए 12 केंद्र बनाए गए हैं, जहाँ 25,560 परीक्षार्थी शामिल होंगे। जिलाधिकारी और पुलिस अधीक्षक ने नकल रोकने के लिए धारा 144 लगाने और सीसीटीवी से निगरानी के कड़े निर्देश दिए हैं। पूरी खबर पढ़ें।

 
 

चंदौली में UPTET परीक्षा की तैयारी

कुल 12 केंद्रों पर होगी परीक्षा

लगभग 25560 परीक्षार्थी होंगे शामिल

परीक्षा केंद्रों के पास निषेधाज्ञा लागू

इलेक्ट्रॉनिक गैजेट्स पर पूर्ण प्रतिबंध

 उत्तर प्रदेश शिक्षा सेवा चयन आयोग, प्रयागराज की तरफ से आयोजित होने वाली उत्तर प्रदेश शिक्षक पात्रता परीक्षा (UPTET)-2026 को लेकर चंदौली जिला प्रशासन ने कमर कस ली है। परीक्षा को पूरी तरह से शांतिपूर्ण, साफ-सुथरे और नकल विहीन ढंग से संपन्न कराने के लिए कलेक्ट्रेट सभागार में एक हाई-लेवल बैठक हुई। इस बैठक की अध्यक्षता जिलाधिकारी चंद्र मोहन गर्ग और पुलिस अधीक्षक आकाश पटेल ने संयुक्त रूप से की।

प्रशासन की तरफ से दी गई जानकारी के अनुसार, जिले में UPTET-2026 की लिखित परीक्षा 02, 03 और 04 जुलाई 2026 को आयोजित की जाएगी। इनमें से 02 और 03 जुलाई को परीक्षा दो-दो पालियों में आयोजित होगी, जबकि आखिरी दिन यानी 04 जुलाई को केवल एक पाली में परीक्षा संपन्न कराई जाएगी।

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परीक्षा का टाइम-टेबल और परीक्षार्थियों के आंकड़े
इस परीक्षा को लेकर समय-सारणी भी तय कर दी गई है। पहली पाली की परीक्षा सुबह 09:30 बजे से दोपहर 12:00 बजे तक चलेगी। इसके बाद दूसरी पाली की परीक्षा दोपहर 02:30 बजे से शाम 05:00 बजे तक आयोजित की जाएगी।

चंदौली जिले में इस परीक्षा के लिए कुल 12 परीक्षा केंद्र निर्धारित किए गए हैं। इनमें 01 केंद्रीय रेलवे इंटर कॉलेज (श्रेणी-A) और 11 अशासकीय सहायता प्राप्त माध्यमिक विद्यालय (श्रेणी-B) शामिल हैं। अधिकारियों ने बताया कि हर एक पाली में 5,112 परीक्षार्थी परीक्षा देंगे। इस तरह कुल 5 पालियों को मिलाकर पूरे जिले में लगभग 25,560 परीक्षार्थी इस महापरीक्षा में शामिल होने जा रहे हैं।

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मजिस्ट्रेटों की तैनाती और कड़े सुरक्षा इंतजाम
परीक्षा को निष्पक्ष और कड़े पहरे में कराने के लिए जिला मजिस्ट्रेट ने बड़े अधिकारियों को जिम्मेदारी सौंपी है। कुशल संचालन के लिए अपर जिलाधिकारी (न्यायिक) रतन वर्मा को नोडल अधिकारी (प्रशासन) बनाया गया है, जबकि सुरक्षा व्यवस्था की पूरी कमान अपर पुलिस अधीक्षक (सदर) बतौर नोडल अधिकारी (पुलिस) संभालेंगे।

नकल पर पूरी तरह लगाम कसने के लिए हर परीक्षा केंद्र पर 1-1 स्टैटिक मजिस्ट्रेट तैनात रहेंगे, जबकि प्रश्न पत्रों को सुरक्षित पहुंचाने के लिए 1-1 सेक्टर मजिस्ट्रेट की ड्यूटी लगाई गई है। परीक्षा से जुड़े प्रश्न पत्रों को वरिष्ठ कोषाधिकारी, नोडल अधिकारियों और ऑब्जर्वर की मौजूदगी में कोषागार के डबल लॉक (स्ट्रॉन्ग रूम) में पूरी तरह सुरक्षित रखवा दिया गया है।

परीक्षा केंद्रों के 200 मीटर के दायरे में कड़े नियम
जिलाधिकारी चंद्र मोहन गर्ग ने निर्देश दिया है कि सभी मजिस्ट्रेट परीक्षा के दिन लगातार सेंटरों का दौरा करते रहें। परीक्षा केंद्रों के 200 मीटर के दायरे में तत्काल प्रभाव से निषेधाज्ञा (धारा 144 के तहत) लागू रहेगी। परीक्षा के दौरान सेंटरों के आस-पास की सभी फोटोकॉपी की दुकानें, कोचिंग संस्थान और साइबर कैफे पूरी तरह से बंद रखे जाएंगे।

सभी सेंटरों के कमरों, गलियारों और मेन गेट पर लगे सीसीटीवी कैमरों से लाइव निगरानी की जाएगी, जिसकी रियल-टाइम मॉनिटरिंग जिला मुख्यालय पर बने कंट्रोल रूम से होगी। जिलाधिकारी ने यह भी कहा कि भीषण गर्मी और मौसम को देखते हुए सभी केंद्रों पर ठंडे पानी, बिजली की बैकअप व्यवस्था, बैठने के इंतजाम और फर्स्ट एड (प्राथमिक चिकित्सा) की सुविधाएं 100% दुरुस्त होनी चाहिए।

सॉल्वर गैंग पर रहेगी पैनी नजर, रूट डायवर्जन भी होगा
बैठक में पुलिस अधीक्षक आकाश पटेल ने सुरक्षा को लेकर साफ निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा कि हर केंद्र पर पर्याप्त पुलिस बल, महिला कांस्टेबल और होमगार्ड तैनात रहेंगे। मेन गेट पर गहन चेकिंग के बाद ही अभ्यर्थियों को अंदर जाने दिया जाएगा। इसके साथ ही लोकल इंटेलिजेंस यूनिट (LIU) को एक्टिव कर दिया गया है ताकि पेपर लीक की अफवाह फैलाने वालों या सॉल्वर गैंग पर तुरंत शिकंजा कसा जा सके। सोशल मीडिया पर भी 24 घंटे नजर रखी जाएगी।

परीक्षार्थियों के आवागमन को आसान बनाने के लिए जिले के मुख्य रास्तों और चौराहों पर रूट डायवर्जन किया जाएगा ताकि जाम की स्थिति न बने। परीक्षा केंद्र के अंदर मोबाइल, स्मार्ट वॉच, ब्लूटूथ या कैलकुलेटर जैसे इलेक्ट्रॉनिक सामान ले जाना पूरी तरह बैन रहेगा। यहाँ तक कि ड्यूटी पर तैनात कक्ष निरीक्षकों (टीचर्स) के मोबाइल भी केंद्र व्यवस्थापक के पास जमा रहेंगे। एसपी ने चेतावनी दी है कि यदि कोई भी नकल कराने या गड़बड़ी फैलाने का दोषी पाया गया, तो उसके खिलाफ सख्त कानूनी धाराओं में जेल भेजने की कार्रवाई होगी। इस बैठक में अपर जिलाधिकारी न्यायिक रतन वर्मा, अपर पुलिस अधीक्षक अनंत चंद्रशेखर समेत तमाम जिला स्तरीय अधिकारी उपस्थित रहे।

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