जिले का पहला ऑनलाइन न्यूज़ पोर्टलMovie prime

पड़ाव पर स्थापित 'योगेनात्मादर्शनम्' मूर्ति बनी आकर्षण का केंद्र

अधिकारियों का कहना है कि भविष्य में इस क्षेत्र में और सुधार किए जाएंगे, ताकि प्रतिमा के आसपास का क्षेत्र न केवल आध्यात्मिक दृष्टि से बल्कि सौंदर्य दृष्टि से भी आकर्षक बने।
 

पड़ाव क्रासिंग पर भव्य प्रतिमा की स्थापना

बीएलडब्ल्यू द्वारा तैयार की गई मूर्ति

स्थानीय कलाकार प्रभाकर सिंह का डिजाइन

लाइटिंग, सजावट और हरियाली का कार्य जारी

चंदौली जिले के  पड़ाव इलाके के सौंदर्य संवर्धन और आध्यात्मिक पहचान को और मजबूत करने के उद्देश्य से पड़ाव क्रासिंग पर भव्य ध्यानमग्न मुद्रा वाली प्रतिमा 'योगेनात्मादर्शनम्' स्थापित कर दी गई है। यह मूर्ति बनारस रेल इंजन कारखाना (बीएलडब्ल्यू) द्वारा तैयार की गई है और स्थानीय कलाकार प्रभाकर सिंह द्वारा डिजाइन की गई है।

प्रतिमा को रामनगर मार्ग से लाया गया, लेकिन इसकी ऊंचाई अधिक होने के कारण रेलवे डाट पुलिया से पहले उतारना पड़ा। इसके बाद क्रेन की सहायता से इसे पूर्व निर्धारित स्थान, पड़ाव पीडीडीयू नगर मार्ग पर स्थापित किया गया। प्रतिमा का वजन लगभग 0.9 टन (900 किलोग्राम) है।

वीडीए के अधिकारियों के अनुसार, यह मूर्ति केवल एक शिल्पकृति नहीं है, बल्कि शहर में प्रवेश करने वाले लोगों के लिए ध्यान और आत्मशांति का प्रतीक है। प्रतिमा स्थल पर लाइटिंग और सजावट का कार्य चल रहा है, साथ ही हरियाली के लिए पेड़-पौधे लगाने की प्रक्रिया भी शीघ्र पूरी की जाएगी।

स्थानीय कलाकार प्रभाकर सिंह ने बताया कि प्रतिमा का उद्देश्य वाराणसी की आध्यात्मिक छवि को उजागर करना और शहर में ध्यान के महत्व को दर्शाना है। यह मूर्ति न केवल स्थानीय नागरिकों के लिए बल्कि शहर में आने वाले पर्यटकों और श्रद्धालुओं के लिए भी आकर्षण का केंद्र बन चुकी है।

वाराणसी विकास प्राधिकरण ने इस कदम को शहर की सौंदर्य संवर्धन योजना का हिस्सा बताया है। अधिकारियों का कहना है कि भविष्य में इस क्षेत्र में और सुधार किए जाएंगे, ताकि प्रतिमा के आसपास का क्षेत्र न केवल आध्यात्मिक दृष्टि से बल्कि सौंदर्य दृष्टि से भी आकर्षक बने।

Tags

चंदौली जिले की खबरों को सबसे पहले पढ़ने और जानने के लिए चंदौली समाचार के टेलीग्राम से जुड़े।*