जिले का पहला ऑनलाइन न्यूज़ पोर्टलChandauliSamachar_Logo

नौगढ़ में DM का आदेश बेअसर: दीवानी चुआ शिव मंदिर मार्ग बना दलदल, उग्र ग्रामीणों ने दी चक्का जाम की चेतावनी

नौगढ़ के दीवानी चुआ शिव मंदिर जाने वाली सड़क दलदल और 4-4 फीट गहरे गड्ढों में तब्दील हो चुकी है। जिलाधिकारी के आदेश के बावजूद मरम्मत न होने से नाराज ग्रामीणों ने अगले सोमवार तक सड़क न बनने पर चक्का जाम की चेतावनी दी है।

 

नौगढ़ में DM का आदेश हुआ बेअसर

दीवानी चुआ शिव मंदिर मार्ग बना दलदल

चंदौली सीमा में 4 फीट गहरे गड्ढे

सावन में शिव भक्तों की जान जोखिम में

ग्रामीणों ने दी चक्का जाम करने की चेतावनी

सावन के पवित्र महीने में भगवान शिव के दर्शन-पूजन के लिए निकलने वाले श्रद्धालुओं के लिए चंदौली जिले की तहसील नौगढ़ का दीवानी चुआ मार्ग अब भक्ति का नहीं, बल्कि भारी जोखिम का सफर बन गया है। चंदौली और सोनभद्र की सीमा पर स्थित प्रसिद्ध दीवानी चुआ शिव मंदिर में हर सोमवार को करीब 5 हजार श्रद्धालु जलाभिषेक करने पहुंचते हैं। लेकिन मंदिर से ठीक पहले की सड़क दलदल और 4-4 फीट गहरे गड्ढों में तब्दील हो चुकी है।

naugarh-diwani-chua-road-potholes-protest-warning

फाइलों में दबा डीएम का आदेश, विभाग को फंड का इंतजार
हैरानी की बात यह है कि जिलाधिकारी चंद्र मोहन गर्ग ने 10 जुलाई को ही सभी प्रमुख शिवालयों तक जाने वाले रास्तों को दुरुस्त करने का स्पष्ट निर्देश दिया था। इसके बावजूद एक महीना बीत जाने के बाद भी जमीनी स्तर पर एक बाल्टी मिट्टी तक नहीं डाली गई है। बीडीओ नौगढ़ और पीडब्ल्यूडी के जूनियर इंजीनियर का कहना है कि प्रस्ताव शासन को भेजा गया है और बजट मिलते ही काम शुरू कराया जाएगा।

सोनभद्र में चमचमाती सड़क, चंदौली में प्रवेश करते ही मुसीबत
दीवानी चुआ शिव मंदिर केवल नौगढ़ ही नहीं, बल्कि चंदौली और सोनभद्र दोनों जिलों के लाखों लोगों की आस्था का प्रमुख केंद्र है। राबर्ट्सगंज, रामगढ़, नैनी, चतरा, कोलियारी और सरईगढ़ जैसे इलाकों से हजारों भक्त यहाँ आते हैं। ग्रामीणों का कहना है कि सोनभद्र जिले की सीमा तक सड़क बिल्कुल ठीक है, लेकिन जैसे ही चंदौली की सीमा शुरू होती है, गड्ढों और कीचड़ का दौर शुरू हो जाता है।

naugarh-diwani-chua-road-potholes-protest-warning

सावन के पहले सोमवार को ही कई श्रद्धालु हुए चुटैल
सावन के पहले ही सोमवार को कई श्रद्धालु इन जानलेवा गड्ढों में फिसलकर चोटिल हो गए। राबर्ट्सगंज से आए श्रद्धालु रामसूरत यादव ने बताया कि 50 किलोमीटर दूर से आने के बाद मंदिर से ठीक पहले उनकी बाइक तीन बार कीचड़ में फिसली। वहीं बाघी गांव की सीता देवी को अपनी 80 साल की सास को पीठ पर लादकर कीचड़ पार कराना पड़ा। इस रास्ते से महिलाएं, बच्चे और बुजुर्ग लगातार जान जोखिम में डालकर गुजर रहे हैं।

कारोबार प्रभावित और उग्र ग्रामीणों का अल्टीमेटम
यह बदहाल सड़क न केवल श्रद्धालुओं की सुरक्षा के लिए खतरा है, बल्कि स्थानीय धार्मिक पर्यटन और छोटे व्यापारियों के रोजगार पर भी बुरा असर डाल रही है। प्रशासन की इस उदासीनता से तंग आकर ग्रामीणों ने साफ शब्दों में अल्टीमेटम दे दिया है। उनका कहना है कि यदि अगले सोमवार से पहले सड़क की मरम्मत का काम शुरू नहीं हुआ, तो मंदिर के सामने मुख्य मार्ग पर चक्का जाम किया जाएगा।

चंदौली जिले की खबरों को सबसे पहले पढ़ने और जानने के लिए चंदौली समाचार के टेलीग्राम से जुड़े।*