कांग्रेस जिलाध्यक्ष अरुण द्विवेदी कम्हरिया में हाउस अरेस्ट, पुलिस कार्रवाई से गरमाई राजनीति
चंदौली में कांग्रेस जिलाध्यक्ष अरुण द्विवेदी को कंदवा थाना पुलिस ने उनके पैतृक आवास पर मंगलवार रात से हाउस अरेस्ट कर दिया। इस कार्रवाई पर भड़के कांग्रेस जिलाध्यक्ष ने सरकार पर तानाशाही और पुलिस गुंडागर्दी का आरोप लगाया है।
कंदवा पुलिस ने अरुण द्विवेदी को किया हाउस अरेस्ट
कम्हरिया स्थित पैतृक आवास पर तैनात पुलिस
सरकार पर तानाशाही और गुंडागर्दी का आरोप
नीट परीक्षा पर शिक्षा मंत्री के इस्तीफे की मांग
कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने दी आंदोलन की चेतावनी
चंदौली जिले के कांग्रेस जिला अध्यक्ष अरुण द्विवेदी को मंगलवार की रात से ही कंदवा थाना पुलिस ने उनके पैतृक गांव कम्हरिया स्थित आवास में हाउस अरेस्ट कर दिया है। पुलिस की इस अचानक हुई कार्रवाई के बाद से जिले के राजनीतिक गलियारों में अचानक हलचल और तनाव काफी बढ़ गया है।
'अंग्रेजों से नहीं डरे, तो इस सरकार से क्या डरेंगे'
हाउस अरेस्ट होने के बाद जिलाध्यक्ष अरुण द्विवेदी ने भाजपा सरकार पर सीधा और तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा, "भाजपा सरकार पुलिस के दम पर गुंडागर्दी कर रही है और विपक्ष की आवाज दबाना चाहती है। हम राहुल गांधी के सिपाही हैं, जब हमारे पूर्वज अंग्रेजों के आगे नहीं झुके तो हम इस तानाशाही से कतई नहीं डरेंगे।"

नीट परीक्षा धांधली पर शिक्षा मंत्री के इस्तीफे की मांग
अरुण द्विवेदी ने राष्ट्रीय स्तर पर आयोजित नीट (NEET) परीक्षा की अव्यवस्थाओं को लेकर भी केंद्र सरकार को घेरा। उन्होंने आरोप लगाया कि नीट परीक्षा में हुई नाकामी को छिपाने के लिए छात्रों और विपक्ष को दबाया जा रहा है। उन्होंने कहा कि अगर सरकार में थोड़ी भी नैतिकता बची है तो शिक्षा मंत्री को तुरंत अपने पद से इस्तीफा दे देना चाहिए।
पुलिस की कार्रवाई पर कार्यकर्ताओं में भारी रोष
कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने पुलिस की इस कार्रवाई को पूरी तरह अलोकतांत्रिक बताया है। कार्यकर्ताओं का कहना है कि सरकार विपक्ष के शांतिपूर्ण प्रदर्शन से घबरा गई है, इसीलिए नेताओं को घरों में बंद किया जा रहा है। वहीं इस पूरे मामले पर कंदवा थाना पुलिस की तरफ से अभी तक कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया गया है।
जिले में गरमाई राजनीति, आंदोलन की चेतावनी
कांग्रेस जिलाध्यक्ष को उनके ही घर में रोके जाने की घटना के बाद से जिले भर में राजनीतिक बयानबाजी तेज हो गई है। कांग्रेस नेताओं और समर्थकों ने चेतावनी दी है कि वे सरकार की इस तानाशाही के खिलाफ सड़कों पर उतरेंगे और आने वाले दिनों में अपना आंदोलन और ज्यादा तेज करेंगे।
Tags
चंदौली जिले की खबरों को सबसे पहले पढ़ने और जानने के लिए चंदौली समाचार के टेलीग्राम से जुड़े।*








