चंदौली में 6 राजकीय आयुर्वेदिक चिकित्सालयों का होगा निर्माण, अगस्त के अंतिम सप्ताह से शुरू होगा काम
चंदौली में 6 नए राजकीय आयुर्वेदिक चिकित्सालयों का होगा निर्माण
आयुर्वेद पद्धति को बढ़ावा देने के लिए शासन की पहल
अगस्त के अंतिम सप्ताह से बनने लगेंगे सभी नए अस्पताल
चंदौली जिले के आयुर्वेद पद्धति को बढ़ावा देने और ग्रामीणों को बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराने के लिए शासन ने बड़ा कदम उठाया है। जनपद चंदौली में छह नए राजकीय आयुर्वेदिक चिकित्सालयों के भवन का निर्माण जल्द शुरू होने जा रहा है। इन सभी भवनों पर लगभग 8.50 करोड़ रुपये की लागत आएगी।
विभागीय अधिकारियों का कहना है कि अगस्त के अंतिम सप्ताह से निर्माण कार्य आरंभ कर दिया जाएगा। इसके लिए उप्र प्रोजेक्ट कॉरपोरेशन लिमिटेड (यूपीपीसीएल) को जिम्मेदारी दी गई है।
भूमि चयन और स्वीकृति पूरी
शासन ने पहले ही इन चिकित्सालयों की डीपीआर (डिटेल प्रोजेक्ट रिपोर्ट) प्राप्त कर स्वीकृति दे दी है। साथ ही, भूमि चयन की प्रक्रिया पूरी कर ली गई है। अब केवल निर्माण कार्य की औपचारिकताएं शेष हैं।
भर्ती और लैब की सुविधा
नए भवन तैयार होने के बाद मरीजों को भर्ती करने की सुविधा मिलेगी। इसके अलावा चिकित्सालयों में रक्त जांच के लिए लैब भी उपलब्ध कराई जाएगी।
जनपद में 30 आयुर्वेदिक चिकित्सालय
वर्तमान में चंदौली में कुल 30 राजकीय आयुर्वेदिक चिकित्सालय हैं, जिन्हें अब आयुष्मान आरोग्य मंदिर के रूप में विकसित किया गया है। यहां पर आयुर्वेदिक इलाज के साथ-साथ योग के जरिए भी बीमारियों का उपचार किया जा रहा है।
2.50 लाख की आबादी को लाभ
नए चिकित्सालयों के निर्माण से जनपद की लगभग 2.50 लाख की आबादी को बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं मिलेंगी।
इन जगहों पर होगा निर्माण
- धरहरा (सकलडीहा तहसील) – 50 बेड का अस्पताल
- ओयरचक
- चिरईगांव
- रामगढ़
- मठपुरवां
- भटवारा खुर्द
शासन की पहल से बढ़ेगा विश्वास
स्वास्थ्य विभाग का मानना है कि इन चिकित्सालयों के निर्माण से आयुर्वेद पद्धति पर लोगों का विश्वास और बढ़ेगा। साथ ही ग्रामीण क्षेत्रों के मरीजों को बड़े अस्पतालों पर निर्भर नहीं रहना पड़ेगा।
Tags
चंदौली जिले की खबरों को सबसे पहले पढ़ने और जानने के लिए चंदौली समाचार के टेलीग्राम से जुड़े।*







