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4 घंटे की तालाबंदी से चेन्नई से आ गए इंश्योरेंस के पेपर, 10 दिन से टालमटोल कर रहा था बैंक
ताला खुलने के बाद इंडियन बैंक के मैनेजर मनीष कुमार ने बैंक के इंश्योरेंस के पेपर अपने अधिवक्ता को सौंपा, जो 27 अप्रैल को मुकदमे की तारीख वाले दिन कोर्ट में दाखिल करेगा। जबकि इस इंश्योरेंस के पेपर को आज ही कोर्ट में दाखिल करना था,
 

इंडियन बैंक पर तालाबंदी से सहमा बैंक प्रबंधन

अपने अधिवक्ता को दे दिए इंश्योरेंस के पेपर

कोर्ट में दाखिल होगा 27 को पेपर 

चंदौली जिले के इंडियन बैंक की शाखा पर पीड़ित लाकरधारियों ने एकत्रित होकर बैंक मैनेजर से बातचीत की और संतोषजनक जवाब नहीं मिलने पर एक बार फिर से बैंक में तालाबंदी शुरू कर दी है। तालाबंदी के लगभग 4 घंटे की तालाबंदी के बाद कर्मचारियों के हाथ पैर फूल गए और बैंक के इंश्योरेंस के पेपर 16 अप्रैल से नहीं दिए जा रहे थे। वह 4 घंटे के भीतर उपलब्ध हो गए। तब जाकर बैंक का ताला खुला व कर्मचारी 4.30 बजे के आसपास बैंक के बाहर निकल पाए।

Talabandi on Indian Bank Chandauli

 

हालांकि पुलिस व बैंक अधिवक्ता की मौजूदगी में ताला खुलने के बाद इंडियन बैंक के मैनेजर मनीष कुमार ने बैंक के इंश्योरेंस के पेपर अपने अधिवक्ता को सौंपा, जो 27 अप्रैल को मुकदमे की तारीख वाले दिन कोर्ट में दाखिल करेगा। जबकि इस इंश्योरेंस के पेपर को आज ही कोर्ट में दाखिल करना था, लेकिन बैंक की हीलाहवाली से मामला लटका रहा।

bank

आपको बता दें कि मामले में स्थायी लोक अदालत में मामला दर्ज होने के बाद बैंक के पीड़ित लाकर धारियों ने बैंक प्रबंधन से बैंक इंश्योरेंस के पेपर मांगे थे और बैंक जानबूझकर पेपर देने में हीला हवाली कर रहा था। स्थानीय मैनेजर मनीष कुमार 16 अप्रैल से लेकर 23 अप्रैल के बीच कई बार मेल के जरिए इंश्योरेंस के पेपर की जानकारी आला अधिकारियों से मांगने की कोशिश कर रहे थे। पर आला अधिकारी मेल को देखने के बाद भी चुपचाप बैठे रहे। यहां तक की शुक्रवार को कोर्ट का ऑर्डर मिलने के बाद भी आला अधिकारियों के कान पर जूं नहीं रेंग रही थी। इसलिए बैंक प्रबंधन के रवैए और जवाबों से नाराज होकर पीड़ित लाकरधारियों ने एक बार फिर से बैंक में ताला जड़ दिया था। 

Indian Bank Lockers

मौके पर मौजूद लोगों का गुस्सा देख स्थानी कोतवाल शेषधर पांडेय भी मौके पर पहुंचे थे।उन्होंने भी बैंक के अधिकारियों और प्रबंधन से बात की। उनके जवाब से असंतुष्ट होकर वह भी मौके से चले गए। इसके बाद बैंक पर मौजूद लाकरधारियों ने अपना धरना प्रदर्शन एक बार फिर शुरू कर दिया था।     

 


            

इस मौके पर विजय तिवारी, रेखा सिंह, अश्वनी सिंह, विजय प्रताप सिंह, दिनेश सिंह, गणेश सिंह, अलका तिवारी, रामेश्वर सिंह, रचना सिंह, अधिवक्ता आरके सिंह समेत लगभग एक दर्जन से अधिक पीड़ित लाकरधारी मौजूद थे।