चंदौली सहित UP के 7 जिलों में पशु लॉकडाउन, इसलिए योगी सरकार ने लिया फैसला
चंदौली में दूसरे जगहों से जानवरों के आने-जाने पर रोक
लंपी रोग के प्रकोप को रोकने का प्रयास
इन जिलों में होगी तगड़ी कार्रवाई
उत्तर प्रदेश सरकार ने राज्य के सात सीमावर्ती जिलों में 'पशु लॉकडाउन' की घोषणा की है, ताकि पड़ोसी राज्यों से आने वाले मवेशियों में फैल रहे लंपी त्वचा रोग (Lumpy Skin Disease) के प्रसार को रोका जा सके। यह आदेश तत्काल प्रभाव से सोनभद्र, चंदौली, गाजीपुर, बलिया, देवरिया, कुशीनगर और महाराजगंज में लागू किया गया है।
लंपी रोग का बढ़ता खतरा
बिहार और नेपाल से सटे इन जिलों में लंपी रोग का प्रभाव तेजी से बढ़ रहा है, जिससे पशुधन को भारी नुकसान हो रहा है। इस रोग के कारण पशुओं की त्वचा पर गांठें (गांठें) बन जाती हैं, जो बाद में घाव में बदल जाती हैं, जिससे पशु कमजोर हो जाते हैं और उनकी दूध उत्पादन क्षमता कम हो जाती है।
लंपी वायरस क्या है
लंपी वायरस एक संक्रामक रोग है, जो मुख्य रूप से गाय और भैंस को प्रभावित करता है। इसे कैप्रिपॉक्स वायरस के कारण होने वाली बीमारी माना जाता है। संक्रमित पशु की त्वचा पर गांठें या सूजन दिखाई देती हैं, जो बाद में घाव में बदल जाती हैं।
हालांकि यह बीमारी मनुष्यों को सीधे प्रभावित नहीं करती, लेकिन इससे दूध उत्पादन में भारी कमी आती है और पशु कभी-कभी मृत्यु तक पहुँच सकते हैं। इस बीमारी के कारण पशुपालकों को आर्थिक नुकसान झेलना पड़ता है। वायरस बहुत तेजी से फैलता है, इसलिए तुरंत सावधानी और रोकथाम बेहद जरूरी है।
'पशु लॉकडाउन' के तहत कड़े नियम
पशुधन को बचाने के लिए इन सात जिलों में कई सख्त कदम उठाए गए हैं:----
1. पशुओं की आवाजाही पर रोक: इन जिलों से किसी भी पशु को बाहर ले जाने या बाहर से लाने पर पूरी तरह से प्रतिबंध लगा दिया गया है।
2. पशु मेलों पर पाबंदी: रोग के प्रसार को रोकने के लिए इन जिलों में किसी भी तरह के पशु मेले या हाट के आयोजन पर भी रोक लगा दी गई है।
3. विशेष निगरानी: गोरखपुर, बस्ती, मऊ और सिद्धार्थनगर जैसे पड़ोसी जिलों में भी विशेष निगरानी शुरू कर दी गई है। इन जिलों की सीमाओं पर पशुओं की जांच की जा रही है, ताकि यह सुनिश्चित हो सके कि रोग का संक्रमण राज्य के अन्य हिस्सों में न फैले।
सरकार का यह कदम लंपी रोग के प्रकोप को नियंत्रित करने और किसानों व पशुपालकों को आर्थिक नुकसान से बचाने के लिए एक महत्वपूर्ण प्रयास है।
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