जिले का पहला ऑनलाइन न्यूज़ पोर्टलMovie prime

चंदौली पुलिस महकमे में उठे सवाल, तबादला आदेश के बावजूद पुराने थानों पर क्यों डटे हैं 24 से अधिक पुलिसकर्मी?

चंदौली पुलिस महकमे में एसपी द्वारा जारी स्थानांतरण आदेशों की अनदेखी की चर्चा जोरों पर है। दो दर्जन से अधिक पुलिसकर्मियों के नई तैनाती पर न जाने से विभाग के भीतर अनुशासन और आदेशों के पालन पर सवाल खड़े हो रहे हैं।

 
 

चंदौली पुलिस महकमे में हड़कंप

तबादला आदेश की अनदेखी की चर्चा

दो दर्जन पुलिसकर्मी पुराने थानों पर

पुलिस विभाग के अनुशासन पर सवाल

उच्च अधिकारियों की कार्रवाई पर नजर

चंदौली जिले के पुलिस विभाग में इन दिनों स्थानांतरण आदेशों की अनदेखी को लेकर अंदरूनी चर्चाएं बेहद तेज हो गई हैं। महकमे के भीतर यह बात जोरों पर है कि पुलिस अधीक्षक (SP) द्वारा आधिकारिक रूप से तबादला सूची जारी किए जाने के बावजूद दो दर्जन से अधिक पुलिसकर्मी अब तक अपने पुराने थानों और शाखाओं को छोड़कर नई तैनाती पर नहीं गए हैं।

अनुशासन और विभागीय नियमों की उड़ रही धज्जियां
सर्वविदित है कि पुलिस जैसे अनुशासित विभाग में वरिष्ठ अधिकारियों के आदेशों का तत्काल पालन सर्वोच्च प्राथमिकता होती है। हर पुलिसकर्मी का यह अनिवार्य दायित्व है कि वह तबादला होते ही नई जगह पर कार्यभार ग्रहण करे। ऐसे में ट्रांसफर ऑर्डर के बाद भी नई पोस्टिंग पर न पहुंचना विभागीय नियमों के सीधे विपरीत माना जा रहा है, जिससे विभाग के भीतर ही अनुशासन पर सवाल उठने लगे हैं।

पुराने स्थान पर बने रहने के पीछे क्या हैं कारण?
सूत्रों के मुताबिक, पुलिस अधीक्षक आकाश पटेल द्वारा हाल ही में बड़े पैमाने पर सिपाहियों और पुलिसकर्मियों का एक थाने से दूसरे थाने में तबादला किया गया था। लेकिन दो दर्जन से ज्यादा पुलिसकर्मियों का पुराने तैनाती स्थल पर ही जमे रहना कई तरह की आशंकाओं को जन्म दे रहा है। महकमे में चर्चा है कि इसके पीछे व्यक्तिगत प्रभाव, संबंधित थाना प्रभारियों का संरक्षण या कोई अन्य प्रशासनिक वजह हो सकती है।

उच्च अधिकारियों की भूमिका और कार्रवाई पर निगाहें
विभाग के अंदर यह सवाल भी तैर रहा है कि क्या इतने बड़े पैमाने पर आदेशों के उल्लंघन की जानकारी उच्च अधिकारियों तक नहीं पहुंची है, या फिर इसे किसी स्तर पर नजरअंदाज किया जा रहा है। हालांकि, इस पूरे मामले पर फिलहाल पुलिस विभाग की ओर से कोई आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है। अब सभी की नजरें इस बात पर टिकी हैं कि क्या वरिष्ठ अधिकारी इन पुलिसकर्मियों पर सख्त विभागीय कार्रवाई करेंगे या नहीं।

चंदौली जिले की खबरों को सबसे पहले पढ़ने और जानने के लिए चंदौली समाचार के टेलीग्राम से जुड़े।*